घट गए सब्जी के खरीदार, दाम भी हुए कम - किसान से लेकर आढ़ती भी परेशान - सब्जियों का स्टॉक निकलना भी चुनौती भरा माई सिटी रिपोर्टर गाजियाबाद। लॉकडाउन में जरूरी वस्तुओं की लगातार बिक्री से अब वस्तुओं के रेट भी कम होते दिख रहे हैं। खासतौर पर सब्जियों के दाम पिछके कुछ दिनों में घट हैं। सब्जी मंडी में बैठे आढ़ती और सब्जी उगाने वाले किसानों को भी नुकसान दिख रहा है। आलम ये है कि सब्जियों के भरपूर स्टॉक को घटे हुए दामों पर निकाला जा रहा है। सब्जी के थोक विक्रेताओं का कहना है कि लॉकडाउन में शादियों के सीजन के पिटने का भी असर दामों पर है। जिले में साहिबाबाद सब्जी मंडी से पूरे गाजियाबाद में सब्जियों की बिक्री होती है। अन्य प्रांतों से भी यहां सब्जियों की आवक होती है। विक्रेताओं का कहना हैं कि मंडी में खरीदार कम आने की वजह सब्जी लागत और खरीद से भी कम का मूल्य पहुंच रहा है। किसानों को पूरी लागत नहीं मिल रही है। इन दिनों सब्जी मंडी में करीब 400 कुंतल टमाटर, 300 कुंतल खीरा, 200 कुंतल भिंडी, 100 कुंतल धनिया, इसके अलावा गोभी, पत्ता गोभी, बैंगन, आलू सहित अन्य सब्जियों की आवक भरपूर है सब्जी मंडी में सब्जी के थोक रेट: आलू 25 -- 25 से 30 प्याज 15 -- 20 हरी मिर्च 20-- 40 टमाटर 10 से 15 -- 30 हरा धनिया 5 -- 15 से 20 भिंडी 30 -- 50 करेला 20 -- 30 से 35 बैंगन 10 -- 20 से 25 --- सब्जियों पर फिलहाल एक महीने मंद रहेगा। किसानों से आवक अधिक है जबकि खरीदार कम हुए हैं। श्रीपाल यादव, थोक सब्जी विक्रेता