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Farmers Protest: भानु प्रताप और वीएम सिंह नहीं हैं आंदोलन का हिस्सा, कल शाम पांच बजे तक किसान करेंगे भूख हड़ताल

Sun, 13 Dec 2020 09:41 PM IST
प्राची प्रियम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: प्राची प्रियम Updated Sun, 13 Dec 2020 09:41 PM IST
खास बातें

कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे किसानों के आंदोलन का आज 18वां दिन है। कड़कड़ाती ठंड और घने कोहरे के बीच दिल्ली की तमाम सीमाओं पर किसान डटे हुए हैं। हालांकि राजनाथ सिंह से मुलाकात के बाद नोएडा-दिल्ली लिंक रोड पर बैठे किसानों ने वहां धरना खत्म कर दिया है, लेकिन सिंघु और टीकरी समेत अन्य जगहों पर प्रदर्शन अब भी जारी है। अपने आंदोलन को तेज करते हुए संयुक्त किसान आंदोलन के नेता कमल प्रीत सिंह पन्नू ने सिंघु बॉर्डर पर 14 दिसंबर को भूख हड़ताल पर बैठने की घोषणा की है। इसके साथ ही दिल्ली-जयपुर हाईवे बंद करने के लिए राजस्थान-हरियाणा बॉर्डर पर भारी संख्या में किसान इकट्ठा होने लगे हैं। यहां पढ़ें किसान आंदोलन से संबंधित हर अपडेट-

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Farmers Protest 2020 enters day 18th Rajasthan farmers to join singhu border
सिंघु बॉर्डर पर किसानों की प्रेस कॉन्फ्रेंस - फोटो : एएनआई

लाइव अपडेट

09:40 PM, 13-Dec-2020

अभिनेता गुरप्रीत घुग्गी पहुंचे सिंघु बॉर्डर, कहा-सरकार वापस ले तीनों कानून

अभिनेता गुरप्रीत घुग्गी आज सिंघु बॉर्डर पर प्रदर्शन कर रहे किसानों से मिले। उन्होंने कहा, यह लड़ाई 'जमीरदारों' की है। तीनों कृषि कानून किसानों द्वारा खारिज कर दिए गए तो केंद्र को भी अब से रद्द कर देना चाहिए।

09:36 PM, 13-Dec-2020

किसान अपनेे आंदोलन को कम्यूनिस्टों के चंगुल में न फंसने देंः बिप्लब देब

त्रिपुरा के मुख्यमंत्री बिप्लब कुमार देब ने किसानों से अपील की है कि वह अपने आंदोलन को कम्यूनिस्टों के चंगुल में न फंसने दें। माओवादी पहले ही आपके बीच में आ चुके हैं और वो किसानों को पार्टी के काडर में बदलने की कोशिश करेंगे जैसा उन्होंने मेरे राज्य में किया। बिप्लब देब ने आगे कहा कि 2018 में पीएम मोदी ने त्रिपुरा में किसानों को आजाद कराया था। आज यहां के किसान दोगुनी आय और आत्मनिर्भरता के रास्ते पर बढ़ रहे हैं। मैं दिल्ली के प्रदर्शनकारियों से अनुरोध करता हूं कि वो त्रिपुरा आकर यहां के किसानों से बात करें जिससे वह कम्यूनिस्टों की असलियत जान सकें।
 
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09:21 PM, 13-Dec-2020

ये बिचौलियों, कमीशन एजेंट और नेताओं का है आंदोलनः भाजपा नेता शांता कुमार

कुछ बिचौलिए, कमीशन एजेंट और राजनेता, इस आंदोलन को चला रहे हैं। कुछ लोग जिनका हित होता है होता है देश में ऐसा आंदोलन चलाते हैं। कृषि कानून किसानों के हक में हैं। ये बातें भाजपा नेता और हिमाचल प्रदेश के पूर्व सीएम शांता कुमार ने किसान आंदोलन को लेकर कही हैं।
 

 
08:21 PM, 13-Dec-2020

भाकियू लोक शक्ति के कार्यकर्ताओं ने किया गोला लाठी का अभ्यास

भारतीय किसान यूनियन लोक शक्ति के धरने पर बैठा किसान गोला लाठी लगाने का अभ्यास करता हुआ। इस बारे में एक किसान नेता ने बताया कि भाकियू नेता राकेश टिकैत ने जब से नरेंद्र मोदी सरकार को गोला लाठी लगाने की बात कही है तब से मीडिया बंधु भी जानना चाह रहे थे कि ये गोला लाठी क्या है। हम इसीलिए ये अभ्यास कर रहे हैं ताकि दिखा सकें कि गोला लाठी क्या होती है और ये सरकार भी देख ले।
07:29 PM, 13-Dec-2020

छात्रों को बता दिया ये किसानों का आंदोलन हैः टिकैत

भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने कहा कि कुछ छात्र आंदोलन को समर्थन देने के लिए आए थे लेकिन उन्हें स्पष्ट रूप से बता दिया गया कि ये किसानों का आंदोलन है। इसके बाद वो यहां से चले गए। राकेश टिकैत जामिया के छात्रों के बारे में बता रहे थे जो आंदोलन के समर्थन में बॉर्डर पहुंचे थे।
 
07:26 PM, 13-Dec-2020

कृषि कानूनों का समर्थन देने वाले किसानों को मैं धन्यवाद देता हूंः कैलाश चौधरी

केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण राज्यमंत्री कैलाश चौधरी ने कहा कि कृषि के तीनों कानूनों का समर्थन करने वाले किसानों को मैं धन्यवाद देना चाहता हूं। मैं आंदोलनकारी किसानों से आग्रह करता हूं कि इसका रास्ता बातचीत से ही निकलने वाला है।
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06:31 PM, 13-Dec-2020

संयुक्त किसान मोर्चा की 4 मांगें हैं -

3 कृषि कानून रद्द किए जाएं, MSP गारंटी कानून बनाया जाए, प्रस्तावित बिजली बिल रदद् किया जाए और पराली जलाने के मुद्दे पर किसानों का शोषण बंद किया जाए। इसके अलावा संयुक्त किसान मोर्चा की कोई मांग नहीं है। हमारा किसी अन्य मांग से कोई लेना देना नहीं है। 

बीकेयू भानु संगठन संयुक्त किसान मोर्चा का हिस्सा नहीं है, चिल्ला बॉर्डर से हटने का फैसला बीकेयू भानु संगठन का निजी फैसला है, संयुक्त किसान मोर्चा के आंदोलन का बीकेयू भानु संगठन से कोई लेना देना नहीं है। हमारा आंदोलन पहले की तरह ही चलता रहेगा। 

किसान नेता वीएम सिंह द्वारा कल दिया गया बयान उनका अपना निजी बयान है, एआईकेएससीसी द्वारा मीटिंग कर के वीएम सिंह को संयोजक के पद से हटा दिया गया है। वीएम सिंह द्वारा दिये गए किसी भी बयान से संयुक्त किसान मोर्चा का कोई लेना देना नहीं है। 

पलवल के धरने पर पहुंच रहे मध्यप्रदेश के किसानों की गाड़ियों के चालान गैरकानूनी तरीके से होडल में किए जा रहे हैं, संयुक्त किसान मोर्चा हरियाणा पुलिस की तानाशाही की निंदा करता है।
06:10 PM, 13-Dec-2020

जयपुर से दिल्ली आने वाला लेन अब भी है बंद

दिल्ली-जयपुर हाईवे पर जयपुर से दिल्ली आने वाली लेन अब भी बंद है क्योंकि किसान वहां बैठकर प्रदर्शन कर रहे हैं।
 
05:20 PM, 13-Dec-2020

भानु गुट किसान मोर्चा के साथ नहीं हैः किसान नेता (सिंघु बॉर्डर)

सिंघु बॉर्डर पर किसान नेताओं ने आज प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि भाकियू(भानु) गुट के भानु प्रताप जिन्होंने प्रदर्शन वापस लेने की बात कही है वो किसान मोर्चा से नहीं जुड़े हैं। उनके साथ ही वीएम सिंह भी आंदोलन का हिस्सा नहीं है। किसान नेताओं ने स्पष्ट किया कि भानु गुट उनके साथ कभी प्रदर्शन में साथ नहीं था। जो फैसले यहां से होंगे किसान आंदोलन के लिए वही मान्य होंगे। राकेश टिकैत ने कहा कि 14 तारीख को किसान एक दिन के लिए भूख हड़ताल पर बैठेंगे सुबह आठ बजे से लेकर शाम पांच बजे तक और धरना प्रदर्शन भी चलेगा।
05:13 PM, 13-Dec-2020

उत्तराखंड के किसानों ने कृषि मंत्री से मिलकर उन्हें दिया कानूनों पर समर्थन

उत्तराखंड के किसानों ने कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर से मिलकर तीनों कृषि कानूनों को लेकर अपना समर्थन दिया। इस दौरान कृषि राज्य मंत्री कैलाश चौधरी और उत्तराखंड के शिक्षा मंत्री अरविंद पांडेय भी मौजूद रहे।
 
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