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Faridabad News: मानसून सिर पर, एफएमडीए को जल निकासी व्यवस्था सुधारने की आई याद

Sat, 04 Jul 2026 11:57 PM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Sat, 04 Jul 2026 11:57 PM IST
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With monsoon approaching, FMDA remembers to improve drainage system
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एनआईटी क्षेत्र के जोन-4 में वर्षा जल निकासी के लिए मास्टर ड्रेनेज योजना बनाई, 4.81 करोड़ रुपये से होगा काम

राहुल राज

फरीदाबाद। मानसून सिर पर होने के बाद अब फरीदाबाद महानगर विकास प्राधिकरण (एफएमडीए) को जल निकासी व्यवस्था सुधारने की याद आई है। प्राधिकरण ने 4.81 करोड़ रुपये की मास्टर ड्रेनेज योजना तैयार की है। इस योजना के पूरा होने में कई महीने लगेंगे। ऐसे में इस साल भी लोगों को जलभराव से मुक्ति नहीं मिलेगी। एफएमडीए ने एनआईटी क्षेत्र के जोन-4 में वर्षा जल निकासी की समस्या के स्थायी समाधान के लिए मास्टर ड्रेनेज योजना बनाई है। योजना के तहत नीलम चौक से बाटा चौक होते हुए एसी नगर नाले तक 1800 मिमी व्यास की करीब 1750 मीटर लंबी आरसीसी एनपी-3 पाइपलाइन बिछाई जाएगी। साथ ही बारिश के पानी की तेजी से निकासी के लिए एक आधुनिक संपवेल बनाया जाएगा। संपवेल बनने से बारिश का पानी संपवेल में भेज दिया जाएगा। जिसके कारण क्षेत्र में जलभराव नहीं होगा। इसके साथ ही उच्च क्षमता का पंपिंग स्टेशन भी बनाया जाएगा। परियोजना का उद्देश्य एनआईटी क्षेत्र में बारिश के दौरान जमा होने वाले पानी को तेजी से एसी नगर नाले तक पहुंचाना है।

एसी नगर नाले की होगी सफाई

परियोजना में केवल पाइपलाइन बिछाने तक ही काम सीमित नहीं रहेगा। एसी नगर नाले की लगभग दो किलोमीटर तक व्यापक सफाई और गाद निकाली जाएगी। इसके साथ ही नए मैनहोल, कल्वर्ट बॉक्स, विद्युत व्यवस्था और अन्य सहायक निर्माण कार्य भी कराए जाएंगे। योजना में 100 हॉर्स पावर क्षमता के तीन सबमर्सिबल पंप लगाने का भी प्रावधान किया गया है। सबमर्सिबल पंप के सहारे ही बारिश के दौरान भी पानी की निकासी की जाएगी।
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गौरतलब है कि एनआईटी क्षेत्र में वर्षों पुरानी और क्षमता से कम जल निकासी व्यवस्था के कारण जलभराव की समस्या लगातार बनी हुई है। तेजी से हुए शहरीकरण, बढ़े हुए पक्के निर्माण और संकरी जल निकासी लाइनों के कारण वर्षा जल का प्रवाह बाधित होता है। नई 1800 मिमी पाइपलाइन और पंपिंग स्टेशन बनने के बाद भविष्य में इस समस्या में काफी हद तक कमी आने की उम्मीद है।
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इस साल मानसून सिर पर है और परियोजना अभी शुरुआती चरण में ही है। ऐसे में इस साल एनआईटी, बाटा चौक और आसपास के क्षेत्रों के लोगों को एक बार फिर जलभराव का सामना करना पड़ सकता है। हालांकि विभाग का दावा है कि मास्टर ड्रेनेज परियोजना पूरी होने के बाद इन इलाकों में जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान हो जाएगा।


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वर्जन--

बाटा चौक और आसपास के क्षेत्रों में जलभराव खत्म करने के लिए मास्टर ड्रेनेज प्लान तैयार किया है। इसके लिए प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जल्द ही काम शुरू कर दिया जाएगा।- ओमदत्त, कार्यकारी अभियंता, एफएमडीए


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