{"_id":"601c2b5b8ebc3e4c843f608b","slug":"farmer-agitation-haryana-samiti-comduct-meerting-with-farmer-faridabad-news-noi5637731141","type":"story","status":"publish","title_hn":"किसानों को एकजुट कर रही हरियाणा किसान संघर्ष समिति","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
किसानों को एकजुट कर रही हरियाणा किसान संघर्ष समिति
विज्ञापन
बल्लभगढ़। केंद्र सरकार द्वारा बनाए गए कृषि कानून के तीन बिलों के विरोध में बृहस्पतिवार को अलग-अलग दो गांवों में किसानों की बैठक का आयोजन किया गया। इसमें गांव दयालपुर और पन्हैड़ा खुर्द में बैठक की अध्यक्षता हरियाणा संघर्ष समिति के प्रदेश अध्यक्ष डीके शर्मा ने की। इस दौरान किसानों से कृषि बिल के विरोध में मदद की राय मांगी गई।
बैठक के बारे में जानकारी देते हुए डीके शर्मा ने बताया कि किसानों के पक्ष में जन आंदोलन की तैयारी है। समिति ने फैसला लिया है कि गांव-गांव में जाकर किसानों को जागरूक किया जाएगा। किसानों के समक्ष पहुंचकर आंदोलन में समर्थन के लिए व्यक्ति विशेष और गांव विशेष की ओर से किस प्रकार की मदद की जा सकती है। इस बारे में पूरा प्लान तैयार किया जाएगा। किसानों की राय अनुसार ही समिति आंदोलन करने वाले किसानों की मदद करेगी। वहीं, समिति के पदाधिकारी केशवदत्त मलेरना ने बताया कि तीनों कृषि कानूनों से किसानों को होने वाले नुकसान के बारे में सीधे स्पष्ट शब्दों में स्थानीय किसानों को जागरूक किया जा रहा है।
इसके लिए गांव-गांव जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। प्रयास है कि आंदोलनरत किसानों की मदद हो सके। इस बैठक में मुख्य रुप से मास्टर इंद्रराज, किशन सिंह चहल, शेर सिंह, धारा सिंह, रणजीत सिंह, ऋषिपाल, अजित व मास्टर अमीचंद शामिल हुए। स्थानीय किसानों को एकजुट कर दिल्ली के किसानों को समर्थन देने की तैयारी है।
विज्ञापन
विज्ञापन
बैठक के बारे में जानकारी देते हुए डीके शर्मा ने बताया कि किसानों के पक्ष में जन आंदोलन की तैयारी है। समिति ने फैसला लिया है कि गांव-गांव में जाकर किसानों को जागरूक किया जाएगा। किसानों के समक्ष पहुंचकर आंदोलन में समर्थन के लिए व्यक्ति विशेष और गांव विशेष की ओर से किस प्रकार की मदद की जा सकती है। इस बारे में पूरा प्लान तैयार किया जाएगा। किसानों की राय अनुसार ही समिति आंदोलन करने वाले किसानों की मदद करेगी। वहीं, समिति के पदाधिकारी केशवदत्त मलेरना ने बताया कि तीनों कृषि कानूनों से किसानों को होने वाले नुकसान के बारे में सीधे स्पष्ट शब्दों में स्थानीय किसानों को जागरूक किया जा रहा है।
विज्ञापन
इसके लिए गांव-गांव जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। प्रयास है कि आंदोलनरत किसानों की मदद हो सके। इस बैठक में मुख्य रुप से मास्टर इंद्रराज, किशन सिंह चहल, शेर सिंह, धारा सिंह, रणजीत सिंह, ऋषिपाल, अजित व मास्टर अमीचंद शामिल हुए। स्थानीय किसानों को एकजुट कर दिल्ली के किसानों को समर्थन देने की तैयारी है।
विज्ञापन