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फरीदाबाद: पुलिस की सख्ती के बाद टेपों से रात में प्रवासी मजदूर जा रहे हैं अपने घर, मजदूरी का नहीं है कोई जुगाड़
Mon, 11 May 2020 09:03 PM IST
Kuldeep Singh
न्यूज डेस्क अमर उजाला ब्यूरो, फरीदाबाद
न्यूज डेस्क अमर उजाला ब्यूरो, फरीदाबाद
Published by: Kuldeep Singh
Updated Mon, 11 May 2020 09:03 PM IST
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प्रवासी मजदूर सांकेतिक तस्वीर
- फोटो : अमर उजाला
दिहाड़ी मजदूरी का नहीं है कोई जुगाड़
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लॉकडाउन के बाद से शहर में रह रहे प्रवासी मजदूरों का जाना थम नहीं रहा है। पैदल जाने पर सड़कों पर पुलिस की सख्ती के बाद अब ये लोग टेपों और ट्रकों में भरकर जा रहे हैं। दो दिन पहले भी अरावली की पहाड़ियों के रास्ते करीब 500 प्रवासी मजदूर सूरजकुंड रोड पर पहुंच गए थे।
नेहरू ग्राउंड स्थित लोहा मंडी से पिछले कुछ दिनों से अंधेरा होने के बाद दो से तीन टेपों प्रवासी मजदूरों को भरकर उत्तर प्रदेश के लिए रवाना हो रहे हैं। लोहा मंडी में ही काम करने वाले एक प्रवासी मजदूर बुद्धन ने बताया कि काम धंधा बंद पड़ा है। दिहाड़ी मजदूरी का कोई जुगाड़ नहीं हो रहा है।
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उसके अनुसार टेपो चालक लोगों को ले जाने के लिए 1000 से 1500 रुपये तक ले रहा है। घर जाने के लिए मजबूरी में रुपये दे रहे हैं। इस बारे में थाना कोतवाली प्रभारी मनोज कुमार से बात की गई तो उन्होंने खुद इस पर संज्ञान लेने की बात की।
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