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Faridabad News: फुटपाथ पर कब्जा, सड़क पर पैदल यात्री

Fri, 31 Jul 2026 12:33 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Fri, 31 Jul 2026 12:33 AM IST
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Encroachment on the footpath, pedestrians on the road.
फरीदाबाद सेक्टर 15ए में रेहड़ी लगाने वाले दुकानदारों ने फुटपाथ पर ​किया अतिक्रमण । संवाद - पड़त
तीन साल में 261 मौतें, फिर भी नहीं बदले हालात, लघु सचिवालय से लेकर राष्ट्रीय राजमार्ग तक अतिक्रमण
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अदालतों के निर्देशों के बावजूद नहीं बन पाए सुरक्षित फुटपाथ

अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। स्मार्ट सिटी बनने की दौड़ में शामिल फरीदाबाद में पैदल चलना सबसे मुश्किल होता जा रहा है। शहर के अधिकांश प्रमुख मार्गों पर फुटपाथ या तो अतिक्रमण की भेंट चढ़ चुके हैं या फिर उन पर वाहन खड़े हैं। कहीं रेहड़ियां लगी हैं तो कहीं दुकानों का सामान फुटपाथ तक फैल चुका है। नतीजा यह है कि लोगों को मजबूरन सड़क पर चलना पड़ता है और यही लापरवाही अब जानलेवा साबित हो रही है। जिला सड़क सुरक्षा प्रकोष्ठ के उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार वर्ष 2023 से 2025 के बीच सड़क हादसों में 261 पैदल यात्रियों की मौत हुई है। इसके बावजूद शहर में फुटपाथों को अतिक्रमण मुक्त कराने की दिशा में कोई स्थायी व्यवस्था नजर नहीं आती।

शहर का शायद ही कोई प्रमुख बाजार या सरकारी क्षेत्र ऐसा हो, जहां पैदल यात्रियों को बिना बाधा के फुटपाथ मिल जाए। अमर उजाला टीम ने विभिन्न इलाकों की पड़ताल की तो कई स्थानों पर फुटपाथ पूरी तरह अपने उद्देश्य से भटके मिले। एनआईटी-5 स्थित नीलम रेलवे रोड पर दुकानदारों ने फुटपाथ तक अपनी दुकानों का विस्तार कर रखा है। कई जगह सामान रखा हुआ है, जिससे लोगों को सड़क पर उतरकर चलना पड़ता है।
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सेक्टर-12 स्थित लघु सचिवालय के सामने स्थिति और भी चिंताजनक है। जिले के सबसे बड़े प्रशासनिक कार्यालय के बाहर ही फुटपाथ पर रेहड़ियां और अस्थायी दुकानें लगी रहती हैं। रोजाना सैकड़ों फरियादी, बुजुर्ग और महिलाएं यहां आते हैं लेकिन उन्हें सुरक्षित पैदल रास्ता नहीं मिल पाता। सेक्टर-15ए में भी फुटपाथ पर रेहड़ियां और अस्थायी कारोबार होने से पैदल चलने की जगह सिकुड़ गई है।
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हाईवे पर भी नहीं मिल रही राहत

राष्ट्रीय राजमार्ग-19 के कई हिस्सों में सर्विस रोड और फुटपाथों पर अवैध पार्किंग आम बात है। कई स्थानों पर व्यावसायिक प्रतिष्ठानों के बाहर वाहन फुटपाथ पर खड़े कर दिए जाते हैं। टोल टैक्स देने के बावजूद वाहन चालकों को सर्विस लेन पर अतिक्रमण और अव्यवस्थित पार्किंग के कारण जाम का सामना करना पड़ता है, जबकि पैदल यात्रियों को सीधे तेज रफ्तार ट्रैफिक के बीच चलने की मजबूरी रहती है।

हर साल दर्जनों जानें जा रहीं
जिला सड़क सुरक्षा से जुड़े उपलब्ध आंकड़े बताते हैं कि वर्ष 2023 में 95, 2024 में 86 और 2025 में 80 पैदल यात्रियों की सड़क हादसों में मौत हुई। तीन वर्षों में यह संख्या 261 तक पहुंच गई। सड़क सुरक्षा विशेषज्ञों का कहना है कि पैदल यात्रियों की मौत के पीछे तेज रफ्तार वाहनों के साथ-साथ सुरक्षित फुटपाथों का अभाव भी बड़ा कारण है। भारत सरकार के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय की रोड एक्सीडेंट्स इन इंडिया रिपोर्ट भी बताती है कि देश में हर वर्ष बड़ी संख्या में पैदल यात्री सड़क दुर्घटनाओं का शिकार होते हैं। विशेषज्ञों के अनुसार शहरी क्षेत्रों में फुटपाथों पर अतिक्रमण इस समस्या को और गंभीर बना देता है।

अभियान चलते हैं, लेकिन असर नहीं टिकता

नगर निगम, पुलिस और जिला प्रशासन समय-समय पर अतिक्रमण हटाने के अभियान चलाते हैं। कई बार बाजारों और मुख्य सड़कों से रेहड़ियां हटाई जाती हैं, लेकिन कार्रवाई कुछ दिनों तक ही प्रभावी रहती है। स्थानीय व्यापारियों और लोगों का कहना है कि नियमित निगरानी नहीं होने से अतिक्रमण दोबारा लौट आता है। शहर में फुटपाथों के रखरखाव की जिम्मेदारी भी अलग-अलग एजेंसियों में बंटी हुई है। नगर निगम की सड़कें अलग हैं, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण (एचएसवीपी) के सेक्टर अलग हैं, लोक निर्माण विभाग (पीडब्ल्यूडी) और राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) की सड़कें अलग-अलग हैं। ऐसे में समन्वय की कमी भी कार्रवाई की गति पर असर डालती है।

अदालत भी दे चुकी है स्पष्ट संदेश
सुप्रीम कोर्ट ने पैदल यात्रियों की सुरक्षा को संविधान के अनुच्छेद-21 के तहत सुरक्षित जीवन के अधिकार से जोड़ते हुए राज्यों और स्थानीय निकायों को फुटपाथों को अतिक्रमण मुक्त रखने, सड़क सुरक्षा ऑडिट कराने और पैदल यात्री सुविधाएं विकसित करने के निर्देश दिए हैं। सड़क सुरक्षा समिति की विभिन्न बैठकों में भी पैदल यात्रियों के लिए सुरक्षित बुनियादी ढांचे को प्राथमिकता देने पर जोर दिया गया है।



नगर निगम की तरफ से लगातार अतिक्रमण के खिलाफ अभियान चलाया जाता है। निगम क्षेत्र में समय समय पर कार्रवाई की जाती है। पुलिस के साथ मिलकर भी अभियान चलाया जाता है। - गौरव अंतिल, अतिरिक्त निगम आयुक्त


ट्रैफिक पुलिस अतिक्रमण न करने को लेकर लोगों को लगातार जागरूक करती है। वहीं संबंधित विभागों को इसके लिए पत्राचार भी किया जाता है। संबंधित विभाग इसको लेकर काम भी कर रहे हैं। - लक्ष्मण, पीआरओ ट्रैफिक पुलिस

फरीदाबाद सेक्टर 15ए में रेहड़ी लगाने वाले दुकानदारों ने फुटपाथ पर किया अतिक्रमण । संवाद - पड़त

फरीदाबाद सेक्टर 15ए में रेहड़ी लगाने वाले दुकानदारों ने फुटपाथ पर किया अतिक्रमण । संवाद - पड़त

फरीदाबाद सेक्टर 15ए में रेहड़ी लगाने वाले दुकानदारों ने फुटपाथ पर किया अतिक्रमण । संवाद - पड़त

फरीदाबाद सेक्टर 15ए में रेहड़ी लगाने वाले दुकानदारों ने फुटपाथ पर किया अतिक्रमण । संवाद - पड़त

फरीदाबाद सेक्टर 15ए में रेहड़ी लगाने वाले दुकानदारों ने फुटपाथ पर किया अतिक्रमण । संवाद - पड़त

फरीदाबाद सेक्टर 15ए में रेहड़ी लगाने वाले दुकानदारों ने फुटपाथ पर किया अतिक्रमण । संवाद - पड़त

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