{"_id":"6a3c2c9e0f6cc2272101bc07","slug":"electricity-employees-to-gherao-the-energy-minister-in-ambala-faridabad-news-c-26-1-fbd1021-73186-2026-06-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Faridabad News: ऊर्जा मंत्री का अंबाला में घेराव करेंगे बिजली कर्मचारी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Faridabad News: ऊर्जा मंत्री का अंबाला में घेराव करेंगे बिजली कर्मचारी
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। हरियाणा स्टेट इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड वर्कर्स यूनियन के आह्वान पर प्रदेश के बिजली कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर आंदोलन की राह पर उतर आए हैं। इसी कड़ी में बुधवार को हार्डवेयर चौक स्थित 11 केवी सब स्टेशन पर यूनियन की एक आवश्यक बैठक आयोजित की गई, जिसमें सर्कल सचिव लेखराज चौधरी मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
बैठक में उन्होंने बताया कि 25 और 26 जून को फरीदाबाद सर्कल के चारों एक्सईएन कार्यालयों पर सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। इसके बाद 2 जुलाई को प्रदेशव्यापी आंदोलन के तहत अंबाला में ऊर्जा मंत्री का घेराव किया जाएगा। वहीं 29 जुलाई को मुख्यमंत्री आवास का घेराव करते हुए जेल भरो आंदोलन चलाया जाएगा। मांगें नहीं माने जाने पर 29-30 सितंबर को महा हड़ताल की चेतावनी दी गई है।
यूनियन नेताओं ने बताया कि पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट के आदेशों के बावजूद कच्चे कर्मचारियों को नियमित नहीं किया जा रहा है। कर्मचारियों ने बिजली क्षेत्र के निजीकरण का विरोध, जोखिम भत्ता बढ़ाने, मुफ्त कैशलेस इलाज, पुरानी पेंशन योजना लागू करने और वेतन विसंगतियों को दूर करने जैसी मांगें उठाई हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
फरीदाबाद। हरियाणा स्टेट इलेक्ट्रिसिटी बोर्ड वर्कर्स यूनियन के आह्वान पर प्रदेश के बिजली कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर आंदोलन की राह पर उतर आए हैं। इसी कड़ी में बुधवार को हार्डवेयर चौक स्थित 11 केवी सब स्टेशन पर यूनियन की एक आवश्यक बैठक आयोजित की गई, जिसमें सर्कल सचिव लेखराज चौधरी मुख्य रूप से उपस्थित रहे।
बैठक में उन्होंने बताया कि 25 और 26 जून को फरीदाबाद सर्कल के चारों एक्सईएन कार्यालयों पर सुबह 10 बजे से दोपहर 2 बजे तक विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। इसके बाद 2 जुलाई को प्रदेशव्यापी आंदोलन के तहत अंबाला में ऊर्जा मंत्री का घेराव किया जाएगा। वहीं 29 जुलाई को मुख्यमंत्री आवास का घेराव करते हुए जेल भरो आंदोलन चलाया जाएगा। मांगें नहीं माने जाने पर 29-30 सितंबर को महा हड़ताल की चेतावनी दी गई है।
विज्ञापन
यूनियन नेताओं ने बताया कि पंजाब एवं हरियाणा हाई कोर्ट के आदेशों के बावजूद कच्चे कर्मचारियों को नियमित नहीं किया जा रहा है। कर्मचारियों ने बिजली क्षेत्र के निजीकरण का विरोध, जोखिम भत्ता बढ़ाने, मुफ्त कैशलेस इलाज, पुरानी पेंशन योजना लागू करने और वेतन विसंगतियों को दूर करने जैसी मांगें उठाई हैं।
विज्ञापन