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Faridabad News: फर्जी पते पर बने 39 पासपोर्ट मामले में 9 पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभागीय जांच शुरू

Mon, 10 Feb 2025 12:58 AM IST
Noida Bureau नोएडा ब्यूरो
Updated Mon, 10 Feb 2025 12:58 AM IST
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Departmental inquiry started against 9 policemen in the case of 39 passports made on fake addresses.
सारन थाने में तैनात दो सब इंस्पेक्टर, मुंशी समेत अन्य पुलिसकर्मी शामिल
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सही वेरिफिकेशन करते तो नहीं बन सकते थे फर्जी पते पर पासपोर्ट

अमर उजाला ब्यूरो
फरीदाबाद। शहर की जवाहर कॉलोनी के फर्जी पते पर बने 39 लोगों के पासपोर्ट मामले में पुलिसकर्मियों पर गाज गिरी है। सारन थाने में तैनात 9 पुलिसकर्मियों के खिलाफ विभागीय जांच शुरू हो गई है। ये सभी 9 पुलिसकर्मी वो हैं, जिनकी जिम्मेदारी वेरिफिकेशन के लिए फाइल आने के दौरान मौके पर जाकर फिजिकल वेरिफिकेशन कर रिपोर्ट देने की थी। लेकिन इन्होंने सही से ड्यूटी नहीं की और फील्ड वेरिफिकेशन के बगैर ही रिपोर्ट दे दी। यदि ये सही से वेरिफिकेशन करते तो इतने फर्जी पासपोर्ट नहीं बनते। इनकी वेरिफिकेशन रिपोर्ट के आधार पर ही ये पासपोर्ट बने। पुलिस प्रवक्ता यशपाल सिंह ने इनके खिलाफ विभागीय जांच शुरू होने की पुष्टि की है।

जब भी पासपोर्ट के लिए कोई आवेदन करता है तो पासपोर्ट ऑफिस से संबंधित जिले की पुलिस को आवेदन फाइल में दिए गए नाम-पते व मोबाइल नंबर की डिटेल मुहैया कराई जाती है। उस आवेदक की फील्ड वेरिफिकेशन रिपोर्ट मांगी जाती है। पुलिस आयुक्त या अधीक्षक कार्यालय की सिक्योरिटी ब्रांच से ये फाइल पते के आधार पर उस एरिया के थाने में भेजी जाती है। थाने का मुंशी प्रभारी से सलाह के बाद संबंधित बीट ऑफिसर या अन्य पुलिसकर्मी को वो फाइल अलॉट करते हैं। जिसके बाद उस पुलिसकर्मी की जिम्मेदारी होती है कि वो पते पर जाकर वेरिफाई करे कि वो व्यक्ति वहां पर रहता है या नहीं। उसी के आधार पर वो रिपोर्ट बनाकर सिक्योरिटी ब्रांच को देता है जो आगे पासपोर्ट ऑफिस जाती है।
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कहां होती है लापरवाही
कुछ पुलिसकर्मी इस मामले में लापरवाही बरतते हैं। वे आवेदक की फाइल में दिए गए नंबर पर कॉल करते हैं। कॉल कर उन्हें कहा जाता है कि अपनी आईडी व दो पड़ोसियों की आईडी की फोटोकॉपी पर साइन कराकर थाने या चौकी ले आओ। इसी को वेरिफाई कर वो पुलिसकर्मी आगे रिपोर्ट बनाकर भेज देता है। इसी के चलते लापरवाही होती है और लोग फर्जी पते पर पासपोर्ट बनवा लेते हैं।
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विदेशी मंत्रालय की ओर से आई शिकायत तो सामने आया मामला
विदेश मंत्रालय के पासपोर्ट कार्यालय दिल्ली की ओर से फरीदाबाद पुलिस के पास शिकायत आई तो इस मामले का खुलासा हुआ है। जिसमें आरोप लगाया गया है कि साल 2023 के दौरान फरीदाबाद की जवाहर कॉलोनी के पते पर 39 लोगों ने पासपोर्ट के लिए आवेदन किया। इन सभी के पासपोर्ट बन गए। लेकिन बाद में हुई जांच में ये पता फर्जी पाया गया। पुलिस टीम ने इस पते पर जाकर चेक किया तो मकान मालिक ने कहा कि मुझे इन लोगों की कोई जानकारी नहीं है। शिकायत पर अब सारन थाने में इन 39 लोगों व अन्य अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है।
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