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Faridabad News: मस्जिद में बाल विवाह के खिलाफ जागरूकता कार्यक्रम
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संवाद न्यूज एजेंसी
फरीदाबाद। भारत सरकार के बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत उपायुक्त आयुष सिन्हा के मार्गदर्शन में नेहरू कॉलोनी, ब्लॉक एनआईटी-2 स्थित मस्जिद में बाल विवाह के खिलाफ जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मौजूद लोगों को शपथ दिलाई गई कि वे किसी भी हाल में बाल विवाह नहीं करेंगे और न ही इसे होने देंगे।
संरक्षण एवं बाल विवाह निषेध अधिकारी हेमा कौशिक ने लोगों को बाल विवाह निषेध अधिनियम, 2006 की जानकारी देते हुए बताया कि बाल विवाह कानूनन अपराध है। इसमें शामिल होने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और कड़ी सजा का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि बाल विवाह बच्चों के भविष्य, शिक्षा और स्वास्थ्य के लिए बेहद नुकसानदायक है।
हेमा कौशिक ने आमजन से अपील की कि यदि कहीं भी बाल विवाह होने की जानकारी मिले तो उसे रोकने का प्रयास करें और तुरंत प्रशासन को सूचित करें। उन्होंने बताया कि ऐसी स्थिति में नजदीकी पुलिस थाना या चौकी से संपर्क किया जा सकता है। इसके अलावा पुलिस हेल्पलाइन नंबर 112 पर भी शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।
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उन्होंने कहा कि कई जगह सामाजिक दबाव और गलत परंपराओं के कारण आज भी बाल विवाह की घटनाएं सामने आ रही हैं, जो चिंता का विषय है। इसे रोकने के लिए समाज के हर वर्ग को आगे आना होगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।
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फरीदाबाद। भारत सरकार के बाल विवाह मुक्त भारत अभियान के तहत उपायुक्त आयुष सिन्हा के मार्गदर्शन में नेहरू कॉलोनी, ब्लॉक एनआईटी-2 स्थित मस्जिद में बाल विवाह के खिलाफ जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में मौजूद लोगों को शपथ दिलाई गई कि वे किसी भी हाल में बाल विवाह नहीं करेंगे और न ही इसे होने देंगे।
संरक्षण एवं बाल विवाह निषेध अधिकारी हेमा कौशिक ने लोगों को बाल विवाह निषेध अधिनियम, 2006 की जानकारी देते हुए बताया कि बाल विवाह कानूनन अपराध है। इसमें शामिल होने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और कड़ी सजा का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि बाल विवाह बच्चों के भविष्य, शिक्षा और स्वास्थ्य के लिए बेहद नुकसानदायक है।
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हेमा कौशिक ने आमजन से अपील की कि यदि कहीं भी बाल विवाह होने की जानकारी मिले तो उसे रोकने का प्रयास करें और तुरंत प्रशासन को सूचित करें। उन्होंने बताया कि ऐसी स्थिति में नजदीकी पुलिस थाना या चौकी से संपर्क किया जा सकता है। इसके अलावा पुलिस हेल्पलाइन नंबर 112 पर भी शिकायत दर्ज कराई जा सकती है।
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उन्होंने कहा कि कई जगह सामाजिक दबाव और गलत परंपराओं के कारण आज भी बाल विवाह की घटनाएं सामने आ रही हैं, जो चिंता का विषय है। इसे रोकने के लिए समाज के हर वर्ग को आगे आना होगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।