165 KG वजनी वाले युवक की सर्जरी: 27 साल की उम्र में कूल्हे की हड्डी खराब, एवीएन से पीड़ित; अब मिली नई जिंदगी
फरीदाबाद के एक अस्पताल में 27 साल के शख्स की हिप रिप्लेसमेंट सर्जरी हुई है। जो एवीएन जैसी बीमारी से पीड़ित था। इतना ही नहीं युवक का वजन 165 किलो था। जिसमें कूल्हे की हड्डी खराब हो जाती है और चलना-फिरना मुश्किल हो जाता है।
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जिले के एक निजी सुपर-स्पेशियलिटी अस्पताल में 165 किलो वजन वाले 27 वर्षीय युवक के दोनों कूल्हों का सफल संपूर्ण हिप रिप्लेसमेंट किया गया। कोलकाता निवासी रोहित मुंद्रा एवैस्कुलर नेक्रोसिस (एवीएन) से लंबे समय से पीड़ित थे।
जिसमें कूल्हे की हड्डी खराब हो जाती है और चलना-फिरना मुश्किल हो जाता है। कोविड के बाद विकसित हुई यह समस्या और उनका अत्यधिक वजन सर्जरी को बेहद चुनौतीपूर्ण बना रहे थे।
डायरेक्टर एंड हेड रोबोटिक नी और मिनिमली इनवेसिव हिप रिप्लेसमेंट डॉ. पंकज वलेचा ने बताया कि मरीज का पहला हिप पिछले वर्ष बदला गया था और सकारात्मक परिणाम के बाद उन्होंने इस बार दूसरी तरफ की सर्जरी करवाई।
वजन कम कराने की सर्जरी कुछ चिकित्सीय कारणों से संभव नहीं होने पर टीम ने जोखिम के बावजूद हिप रिप्लेसमेंट का निर्णय लिया। अत्यंत सावधानी और अनुभवी टीम की मदद से यह जटिल सर्जरी सफलतापूर्वक पूरी की गई।
विशेषज्ञों के अनुसार मोटापा, स्टेरॉयड का सेवन और बीमारी का देर से पता चलना एवीएन के मुख्य कारण हैं। युवाओं में यह बीमारी तेजी से बढ़ रही है और देश व पड़ोसी देशों से मरीज ऐसे जटिल उपचार के लिए यहां पहुंच रहे हैं।