Delhi: IPU के रजत जयंती वर्ष पर स्वास्थ्य मेला, 15 हजार लोगों ने कराया रजिस्ट्रेशन
तालकटोरा स्टेडियम में स्वास्थ्य मेले का आयोजन किया। यहां एक दिन में 15 हजार से अधिक लोगों ने पंजीकरण कराया।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ विश्वविद्यालय (आईपीयू) ने रजत जयंती वर्ष के मौके पर तालकटोरा स्टेडियम में स्वास्थ्य मेले का आयोजन किया। यहां एक दिन में 15 हजार से अधिक लोगों ने पंजीकरण कराया। विभिन्न आयु वर्ग के लोगों ने प्रतिष्ठित और गैर सरकारी चिकित्सा संगठनों द्वारा लगाए गए 150 से अधिक विशेष चिकित्सा प्रदर्शन स्टालों पर चिकित्सा परीक्षण और परामर्श लिया। यहां आयुष मंत्रालय ने योग का महत्व भी बताया।
इस मौके पर यूनिवर्सिटी के वाइस चांसलर प्रो. (डॉ) महेश वर्मा के कहा कि यह रजत जयंती वर्ष एक मील का पत्थर है। आईपीयू ने लगातार उच्चतम रैंकिंग बनाए रखी है। राष्ट्रीय संस्थागत रैंकिंग फ्रेमवर्क (एनआईआरएफ) में उल्लेखनीय 74 वां स्थान हासिल किया है। उन्होंने स्थिरता और जलवायु परिवर्तन पहल के प्रति विश्वविद्यालय की प्रतिबद्धता पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि 25 गांवों को गोद लिया गया है और इन समुदायों के लोगों के कल्याण के लिए सक्रिय रूप से काम कर रहे हैं।
मेले का उद्घाटन एनडीएमसी के चेयरपर्सन अमित यादव, एम्स के निदेशक डॉ. एम श्रीनिवास, दिल्ली सरकार के सचिव (उच्च शिक्षा) एलिस वाज, डीजीएचएस के अतिरिक्त निदेशक डॉ. जितेंद्र प्रसाद और यूनिवर्सिटी वाइस चांसलर प्रो. (डॉ) महेश वर्मा की उपस्थिति में हुआ। एम्स के निदेशक डॉ. एम श्रीनिवास ने निवारक चिकित्सा और आयुष को बढ़ावा देने में आईपीयू के प्रयासों की सराहना की। एनडीएमसी के चेयरपर्सन अमित यादव ने स्थानीय समुदाय के लिए इसकी सेवा की सराहना करते हुए विश्वविद्यालय को बधाई दी।
आयुर्वेद के प्रति लोगों में दिखी उत्सुकता
आयुर्वेद और होम्योपैथी में परामर्श प्राप्त करने के लिए बड़ी संख्या में लोग आयुष मंडप में आए। यहां पहुंचने वाले लोगों में आयुर्वेद को लेकर उत्सुकता देखने को मिली। करोल बाग से आयुर्वेद को लेकर परामर्श लेने आए महेंद्र ने बताया कि उन्हें मेले के बारे में अपने बेटे से पता चला था। यहां आकर उन्होंने आयुर्वेद के महत्व को जाना। साथ ही यहां बाजरे के स्टालों ने भी नवीन व्यंजनों से आकर्षित किया।
सीपीआर के बारे में दी गई जानकारी
कार्यक्रम स्थल पर सीपीआर और प्राथमिक चिकित्सा प्रशिक्षण सत्रों में कई युवा छात्रों ने भाग लिया। इस दौरान 500 से अधिक छात्रों ने सीपीआर देने का प्रशिक्षण लिया। वहीं, इसमें रंगोली, लोक नृत्य, क्विज, ऑन द स्पॉट पेंटिंग, क्लासिकल वोकल सोलो, वन एक्ट प्ले, बैटल ऑफ बैंड्स और नच बलिए प्रतियोगिताओं के साथ कार्यक्रम जीवंत हो गया और युवाओं को जोश से झूमने पर मजबूर कर दिया।