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बैंड, बाजा, बारात गिरोह का पर्दाफाश, एक साल के लिए कांट्रेक्ट पर लाए बच्चों से कराते थे वारदात

Fri, 17 Feb 2017 11:16 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली
ब्यूरो/अमर उजाला, नई दिल्ली Updated Fri, 17 Feb 2017 11:16 PM IST
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banjo, procession gang busted, one-year contract to provide the children were brought to the scene
demo pic - फोटो : अमर उजाला

दक्षिण जिले के स्पेशल स्टाफ ने शादियों में चोरी करने वाले बैंड बाजा बारात गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने इस गिरोह के मध्यप्रदेश निवासी दो सदस्यों को गिरफ्तार किया है।

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ये शादियों में बच्चों से चोरी करवाते थे। बच्चों को एक साल के लिए कांट्रैक्ट पर लिया जाता था। इसके एवज में गिरोह के सदस्य बच्चों के माता-पिता को एक साल के लिए दस लाख व उससे ज्यादा तक देते थे। पुलिस ने इनके कब्जे से आठ लाख रुपये कीमत की ज्वेलरी बरामद की है। 
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दक्षिण जिला डीसीपी ईश्वर सिंह के अनुसार, डॉ. सैफ हसन नकवी ने तुगलक रोड थाने में शिकायत दी थी कि इंडियन इस्लामिक सेंटर में 29 जनवरी को हुई शादी में ज्वेलरी से भरा ट्रॉली बैग चोरी हो गया था।

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गिरोह शादियों में चोरी की वारदात करवा रहा है

banjo, procession gang busted, one-year contract to provide the children were brought to the scene
कंधे से गिरते ही बंदूक से हुआ फायर - फोटो : अमर उजाला

​मामला दर्जकर तुगलक रोड थानाध्यक्ष दिलीप कुमार की टीम के साथ ही दक्षिण जिले के स्पेशल स्टाफ प्रभारी जीत सिंह की देखरेख में एसआई सतेंद्र खारी, राजीव बमल और ज्ञानेंद्र सिंह की टीम भी इसकी जांच कर रही थी।

इंस्पेक्टर जीत सिंह की टीम को पता लगा कि मध्यप्रदेश का गिरोह शादियों में चोरी की वारदात करवा रहा है। पुलिस टीम को 16 फरवरी को सूचना मिली थी कि इस्लामिक सेंटर में हुई शादी में चोरी करने वाले गिरोह के सदस्य सरोजनी नगर रिजर्वेशन सेंटर आएंगे। पुलिस टीम ने यहां घेराबंदी कर पृथ्वी (22) व कालू राम (42)को गिरफ्तार कर लिया। 

आरोपियों ने बताया कि वे 10 से 12 वर्ष के बच्चों को चोरी के लिए कमीशन पर लेते थे। ये बच्चे को पूरे एक वर्ष के लिए कांट्रैक्ट पर लेते थे। बच्चे के माता-पिता को दस लाख रुपये तक देते थे।

ये बच्चों को इस बात की विशेष ट्रेनिंग देते थे कि शादियों में कैसे चोरी करनी है। बच्चे समारोह स्थल में चोरी करने अंदर चले जाते थे, जबकि गिरोह के सदस्य बाहर रहकर उन पर नजर रखते थे। 

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