गिरफ्त में आए शातिर बदमाश, 'वास्तव' फिल्म के संजय दत्त की तरह बनना चाहता था सरगना
दक्षिण-पश्चिमी जिले के वाहन चोरी निरोधक दस्ते (एएटीएस) को वारदात के 24 घंटे में ही गिरोह सरगना समेत तीन बदमाशों को गिरफ्तार करने में सफलता मिली है।
गिरोह सरगना फिल्म अभिनेता संजय दत्त की फिल्म वास्तव से प्रभावित था और फिल्म के अभिनेता की तरफ डॉन बनना चाहता था। बदमाशों के कब्जे से पुलिस ने पिस्टल व कारतूस बरामद किए हैं।
दक्षिण-पश्चिम जिला डीसीपी सुरेंद्र सिंह के अनुसार मोहन गार्डन उत्तम नगर निवासी करण ने 15 मई को पुलिस को शिकायत दी थी कि गगन धींगरा अपने साथी करण शर्मा व एक अन्य के साथ बुद्ध बाजार स्थित गारमेंट्स दुकान पर पहुंचा।
आरोपियों ने उसे दुकान बंद करने के लिए धमकाया। आरोपियों ने उसकी पिटाई करने के बाद दुकान का शीशा तोड़ दिया था। इसके बाद बदमाश गल्ले से 10 हजार रुपये से ज्यादा लूटकर फरार हो गए।
इस बाबत उत्तम नगर थाने में मामला दर्ज किया गया था। मोहन गार्डन, उत्तम नगर में रहने वाले मनीष ने आठ अगस्त को शिकायत दी थी कि गगन धींगरा, साथी करण, तेल्ली और एक अन्य साथी के साथ उसके साथ पिछले वर्ष हुए झगड़े का बदला लेने पहुंचा।
इलाके में आतंक का पर्याय बन गए थे बदमाश
आरोपी उस पर फायरिंग कर फरार हो गए थे। उत्तम नगर थाना पुलिस मामले की जांच कर रही थी। बदमाशों को पकड़ने के लिए एएटीएस प्रभारी राजकुमार की टीम को भी लगाया गया था।
इंस्पेक्टर राजकुमार की टीम को नौ अगस्त को बदमाशों की सूचना मिली। सूचना के बाद ओल्ड पालम रोड, ककरौला मोड़ से तीन बदमाश गगन धींगरा, अश्वनी उर्फ सन्नी उर्फ तेल्ली और करण शर्मा को गिरफ्तार कर लिया।
गिरोह सरगना गगन के कब्जे से लोड पिस्टल बरामद की गई। गगन स्कूल के समय ही गलत संगत में पड़ा गया था। वर्ष 2014 में ये रविंद्र उर्फ बीडी के गिरोह में शामिल हो गया था।
बिंदापुर इलाके का घोषित बदमाश रविंद्र पर हत्या, हत्या का प्रयास, डकैती और रंगदारी, चौथ वसूली के कई मामले दर्ज हैं। आर्म्स एक्ट के मामले में रविंद्र जेल गया था।
अप्रैल 2015 में जब ये जेल में बंद था तब रविंद्र के साथ मिलकर गैंगवार में विरोधी गुट के आसू उर्फ पंडित की हत्या कर दी थी। जेल से बाहर आने के बाद गगन ने अपना गिरोह बना लिया था।