फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Delhi ›   Delhi NCR News ›   Builders cheating buyers in the name of FAR

बिल्डर ऐसे दे रहे फ्लैट बायर्स को धोखा

Sat, 12 Apr 2014 03:28 PM IST
अमर उजाला, नोएडा
अमर उजाला, नोएडा Updated Sat, 12 Apr 2014 03:28 PM IST
विज्ञापन
Builders cheating buyers in the name of FAR

फ्लोर एरिया रेशयो (एफएआर) की आड़ में फ्लैट खरीदारों की सुविधाओं में कटौती का खेल नोएडा-ग्रेटर नोएडा में खूब खेला जा रहा है।

विज्ञापन


नोएडा, ग्रेटर नोएडा और ग्रेटर नोएडा वेस्ट में बिल्डर इसका खूब लाभ उठा रहे। यहां मौजूदा एफएआर 3.5 है। विगत नोएडा की 180वीं बोर्ड बैठक से पहले यह एफएआर 2.75 फीसदी था।

उसी बोर्ड बैठक में एफएआर बढ़ा दिया गया। इसका फायदा यह हुआ कि बिल्डर बढ़े हुए एफएआर को प्राधिकरण से परचेज कर लेता है। इसके एवज में तय शुल्क जमा करना पड़ता है।
विज्ञापन


एफएआर परचेज कर ज्यादा फ्लैट बना सकता है। नियमानुसार बढ़े एफएआर का उपयोग नए प्रोजेक्ट में ही किया जा सकता है, मगर बिल्डर इसका उल्टा करते हैं। जिस प्रोजेक्ट को बेच चुके होते हैं, सिर्फ पजेशन बाकी होता है, उस पर भी फ्लैट बनाने लगते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: अब इन 500 फ्लैट खरीदारों का क्या होगा?


इसके साथ ही उसी परिसर में सुविधाओं के लिए छोड़ी गई जमीन पर भी नए टावर खड़े कर देते हैं। फ्लैट खरीदने वालों को इसका दोहरा नुकसान होता है।

एक तो सुविधाओं के लिए छोड़ी गई जमीन और कम हो जाती है। वाहनों की पर्याप्त पार्किंग भी नहीं बचती। दूसरे, फ्लैटों की संख्या बढ़ जाने से उतनी ही सुविधाओं को ज्यादा लोग इस्तेमाल करते हैं।

सुपरटेक एमरल्ड कोर्ट प्रोजेक्ट में भी यही गड़बड़ी की गई। इसके अलावा ग्रेटर नोएडा वेस्ट में भी बिल्डर इसी हिसाब से प्रोजेक्ट बना रहे हैं। इसे लेकर वहां के बायर्स भी लगातार विरोध करते रहे हैं।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed