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संत रविदास मंदिर मामले पर विधानसभा में छिड़ी बहस, केजरीवाल ने सुझाए दो उपाय

Fri, 23 Aug 2019 12:47 PM IST
Prachi Priyam न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: Prachi Priyam Updated Fri, 23 Aug 2019 12:47 PM IST
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Arvind Kejriwal speaks on two options for Sant Ravidas Temple
मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल - फोटो : अमर उजाला

संत रविदास मंदिर तोड़े जाने के विरोध में पहले तो दिन भर दिल्ली की सड़कों पर अव्यवस्था बनी रही और उसके बाद गुरुवार को मामला सदन तक पहुंचा। इसके बाद दिल्ली विधानसभा में इस मसले पर जमकर बहसबाजी हुई। इस दौरान किसी ने विरोध किया तो किसी ने गुस्से में आकर अपनी कमीज ही फाड़ डाली। 

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इसी बीच दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने इस मसले के हल के लिए अपनी तरफ से दो विकल्प सुझाए। उन्होंने कहा कि इस मसले का समाधान दो तरीके से हो सकता है। पहला यह कि इसे लेकर केंद्र सरकार और डीडीए कोर्ट में रिव्यू पेटीशन डाले, क्योंकि इससे पहले केंद्र सरकार और डीडीए ने सुप्रीम कोर्ट के सामने सही तरीके से तथ्य नहीं रखे थे। 
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उन्होंने कहा कि अगर डीडीए संत रविदास समिति की याचिका का विरोध नहीं करता तो मंदिर तोड़ने की नौबत ही नहीं आती। इसलिए अब रिव्यू पेटिशन डालने के बाद लोगों की आस्था और कानून व्यवस्था का हवाला देकर समिति को जमीन देने की मांग करनी चाहिए।
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केजरीवाल ने आगे कहा कि अगर इससे भी मामला नहीं सुलझता है तो केंद्र सरकार को अध्यादेश लाकर पांच एकड़ जमीन मंदिर को दे देनी चाहिए। समिति को जमीन मिलने के बाद दिल्ली सरकार वहां पर भव्य मंदिर का निर्माण करेगी। 

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