दो सगी बहनों को फोन और चिट्ठी पर मिला तीन तलाक, सीएम योगी से मांगा इंसाफ
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दहेज में प्लॉट और नगदी न मिलने पर प्रेम नगर कॉलोनी में रहने वाली एक बहन के पति ने फोन पर तो दूसरी बहन के पति ने खत लिखकर तलाक दे दिया। दोनों बहनों का दो सगे भाईयों से निकाह हुआ था।
अब दोनों भाइयों की दूसरी शादी की जानकारी मिलने पर दोनों बहनों ने पतियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई और कोर्ट में खर्चे के लिए याचिका दी है।
दोनों तलाक पीड़िता बहनों ने तलाक को गैर कानूनी बताते हुए मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर न्याय मांगा है।
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2010 में हुई थी शादी
लोनी निवासी दो लड़कियों का निकाह बागपत निवासी शफीक के बेटे जफर और दानिश के साथ नौ जनवरी 2010 में हुआ था आरोप है कि शफीक का परिवार शादी में कम दहेज मिलने से नाखुश था।
वर पक्ष के लोग शादी में प्लॉट और नगदी की डिमांड कर रहे थे। शादी के डेढ़ माह बाद ही जफर पत्नी की छोड़कर नौकरी करने सउदी चला गया। इस बीच परिवार के लोग जफर की प्तनी और उसकी छोटी बहन को परेशान करने लगे।
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कुछ दिन बाद जफर की पत्नी अपने मायके आकर रहने लगी। डेढ़ साल बाद उसकी छोटी बहन भी ससुराल से पिता के पास आ गई। इस दौरान दोनों बहनों ने एक-एक बेटे को जन्म दिया।
आरोप है कि तीन माह पहले सउदी से लौटकर दोनों भाइयों ने बड़ौत की रहने वाली दो लड़कियों से शादी कर ली। शुक्रवार को दोनों बहनों ने कार्रवाई के लिए कोर्ट में अर्जी दाखिल की है। साथ ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को भी पत्र लिखकर कार्रवाई की मांग की है।