{"_id":"5ab6ba054f1c1b8f778b7410","slug":"181521924613-dehradun-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"मेडिकल की फीस बढ़ोतरी पर भड़का एनएसयूआई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मेडिकल की फीस बढ़ोतरी पर भड़का एनएसयूआई
Updated Sun, 25 Mar 2018 02:24 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
ब्यूरो/अमर उजाला/देहरादून।
भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) से जुड़े छात्रों ने मेडिकल की फीस बढ़ाने और निजी विश्वविद्यालयों को फीस बढ़ाने का अधिकार दिए जाने का विरोध किया है। इस व्यवस्था को समाप्त करने की मांग को लेकर छात्रों ने शनिवार को जिलाधिकारी कार्यालय के समक्ष नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। इस दौरान छात्रों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन अपर जिलाधिकारी अरविंद पांडेय को सौंपा।
एनएसयूआई से जुड़े छात्र शनिवार को जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे थे। इस दौरान छात्रों ने सरकार के फैसले के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। छात्रों का कहना था कि मेडिकल की फीस बढ़ाने और निजी विश्वविद्यालयों को फीस बढ़ाने का अधिकार दिए जाने से काफी परेशानी होगी। गरीब वर्ग के छात्रों के लिए पढ़ाई करना संभव नहीं होगा। संगठन के प्रदेश सचिव आयुष गुप्ता ने कहा कि मेडिकल की फीस बढ़ाने का अधिकार निजी विश्वविद्यालयों को देने का निर्णय गलत है। सरकार को अपना फैसला वापस लेना चाहिए। ऐसा न होने पर छात्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। इस मौके पर संदीप सिंह, डिंपल शैली, सौरभ ममगाईं, भूपेंद्र नेगी, उर्वशी चौहान, विजय बिष्ट आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) से जुड़े छात्रों ने मेडिकल की फीस बढ़ाने और निजी विश्वविद्यालयों को फीस बढ़ाने का अधिकार दिए जाने का विरोध किया है। इस व्यवस्था को समाप्त करने की मांग को लेकर छात्रों ने शनिवार को जिलाधिकारी कार्यालय के समक्ष नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। इस दौरान छात्रों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन अपर जिलाधिकारी अरविंद पांडेय को सौंपा।
एनएसयूआई से जुड़े छात्र शनिवार को जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचे थे। इस दौरान छात्रों ने सरकार के फैसले के खिलाफ नारेबाजी कर प्रदर्शन किया। छात्रों का कहना था कि मेडिकल की फीस बढ़ाने और निजी विश्वविद्यालयों को फीस बढ़ाने का अधिकार दिए जाने से काफी परेशानी होगी। गरीब वर्ग के छात्रों के लिए पढ़ाई करना संभव नहीं होगा। संगठन के प्रदेश सचिव आयुष गुप्ता ने कहा कि मेडिकल की फीस बढ़ाने का अधिकार निजी विश्वविद्यालयों को देने का निर्णय गलत है। सरकार को अपना फैसला वापस लेना चाहिए। ऐसा न होने पर छात्र आंदोलन के लिए बाध्य होंगे। इस मौके पर संदीप सिंह, डिंपल शैली, सौरभ ममगाईं, भूपेंद्र नेगी, उर्वशी चौहान, विजय बिष्ट आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन