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उच्च हिमालयी क्षेत्रों में उगने वाली जड़ी-बूटी से रूबरू होंगे काश्तकार
Updated Tue, 24 Jul 2018 10:44 PM IST
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श्रीनगर। उच्च शिखरीय पादप कार्मिकी शोध केंद्र (हैप्रेक) पर्वतीय जनपदों के काश्तकारों को उच्च हिमालयी क्षेत्रों में उगने वाली जड़ी-बूटी से रूबरू करवाएगा। इसके लिए हैप्रेक की ओर से काश्तकारों को हिमालयी क्षेत्र का दो दिवसीय भ्रमण कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा है।
नेशनल मिशन ऑन हिमालयन स्टडीज परियोजना के तहत उच्च हिमालयी क्षेत्रों में उगने वाली जड़ी-बूटियों के कृषिकरण एवं अवलोकन को काश्तकारों का एक भ्रमण दल बुधवार को श्रीनगर से रवाना होगा। दल में रुद्रप्रयाग, चमोली, उत्तरकाशी, बागेश्वर व टिहरी के 50 प्रगतिशील किसान शामिल होंगे। कार्यक्रम के मार्ग दर्शक बीएस मैंगवाल व संयोजक वीके पुरोहित ने बताया कि प्रगतिशील किसानों का दो दिवसीय भ्रमण कार्यक्रम निर्धारित किया गया है। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पलायन पर रोक लगाने के साथ ही ग्रामीणों को रोजगार के अवसर उपलब्ध करवाना है।
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नेशनल मिशन ऑन हिमालयन स्टडीज परियोजना के तहत उच्च हिमालयी क्षेत्रों में उगने वाली जड़ी-बूटियों के कृषिकरण एवं अवलोकन को काश्तकारों का एक भ्रमण दल बुधवार को श्रीनगर से रवाना होगा। दल में रुद्रप्रयाग, चमोली, उत्तरकाशी, बागेश्वर व टिहरी के 50 प्रगतिशील किसान शामिल होंगे। कार्यक्रम के मार्ग दर्शक बीएस मैंगवाल व संयोजक वीके पुरोहित ने बताया कि प्रगतिशील किसानों का दो दिवसीय भ्रमण कार्यक्रम निर्धारित किया गया है। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य पलायन पर रोक लगाने के साथ ही ग्रामीणों को रोजगार के अवसर उपलब्ध करवाना है।
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