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जब एक मंच पर दिखी भारत के विभिन्न राज्यों की संस्कृति
Updated Thu, 29 Mar 2018 10:15 PM IST
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श्रीनगर। गढ़वाल विवि के शोध छात्र एसोसिएशन व हिमालयन यूथ मूवमेंट की ओर से आयोजित उद्घोष आगाज हुनर कार्यक्रम में भारत के विभिन्न राज्यों की संस्कृति एक मंच पर दिखी। प्रतिभागी छात्र-छात्राओं ने विभिन्न राज्यों के लोक नृत्यों व लोकगीतों की एक से बढ़ कर एक प्रस्तुतियां दी। कार्यक्रम के पहले सत्र में वाद-विवाद व क्विज प्रतियोगिता भी आयोजित की गई।
गढ़वाल विवि के चौरास परिसर स्थित ऑडिटोरियम में आयोजित हो रहे उद्घोष आगाज हुनर कार्यक्रम के दूसरे दिन पहले सत्र के दौरान क्विज व वाद-विवाद प्रतियोगिता आयोजित की गई। नए भारत का बदलता स्वरूप विषय पर आयोजित वाद-विवाद प्रतियोगिता में प्रियंका घिल्डियाल प्रथम, नयन कोटियाल द्वितीय व प्रज्ञा कुमारी तृतीय स्थान पर रहे। जबकि क्विज प्रतियोगिता में देवाशीष, मनोज दानू व शिवम थपलियाल क्रमश: पहले, दूसरे व तीसरे स्थान पर रहे। दूसरे सत्र में लोकनृत्य, लोकगीत, डांस व थिएटर की रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गई। जम्मू कश्मीर के लोकनृत्य व पंजाबी भांगड़े की प्रस्तुति ने आडिटोरियम में मौजूद हर एक दर्शक को झूमने पर मजबूर कर दिया। इसके अलावा गढ़वाली, कुमाऊंनी लोकनृत्य भी प्रस्तुत किए गए। कार्यक्रम का शुभारंभ हंस फाउंडेशन के प्रदेश प्रभारी पदमेंद्र बिष्ट ने किया।
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गढ़वाल विवि के चौरास परिसर स्थित ऑडिटोरियम में आयोजित हो रहे उद्घोष आगाज हुनर कार्यक्रम के दूसरे दिन पहले सत्र के दौरान क्विज व वाद-विवाद प्रतियोगिता आयोजित की गई। नए भारत का बदलता स्वरूप विषय पर आयोजित वाद-विवाद प्रतियोगिता में प्रियंका घिल्डियाल प्रथम, नयन कोटियाल द्वितीय व प्रज्ञा कुमारी तृतीय स्थान पर रहे। जबकि क्विज प्रतियोगिता में देवाशीष, मनोज दानू व शिवम थपलियाल क्रमश: पहले, दूसरे व तीसरे स्थान पर रहे। दूसरे सत्र में लोकनृत्य, लोकगीत, डांस व थिएटर की रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गई। जम्मू कश्मीर के लोकनृत्य व पंजाबी भांगड़े की प्रस्तुति ने आडिटोरियम में मौजूद हर एक दर्शक को झूमने पर मजबूर कर दिया। इसके अलावा गढ़वाली, कुमाऊंनी लोकनृत्य भी प्रस्तुत किए गए। कार्यक्रम का शुभारंभ हंस फाउंडेशन के प्रदेश प्रभारी पदमेंद्र बिष्ट ने किया।
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