{"_id":"5b76d0ff42c792464d1ba4b2","slug":"yamuna-water-level-cross-warning-mark-in-mathura","type":"feature-story","status":"publish","title_hn":"यमुना फिर उफान पर, चेतावनी का निशान किया पार, खादर में घुसा पानी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यमुना फिर उफान पर, चेतावनी का निशान किया पार, खादर में घुसा पानी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला मथुरा
Updated Sat, 18 Aug 2018 08:10 AM IST
विज्ञापन
उफान पर बह रही यमुना
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मथुरा में यमुना नदी एक बार फिर उफान पर है। शुक्रवार को यमुना ने प्रयागघाट पर चेतावनी चिन्ह को पार कर लिया है। तेजी से जलस्तर बढ़ रहा है। इसका असर यमुना के खादर वाले इलाकों को साफ तौर पर देखने को मिल रहा है।
पिछले सप्ताह यमुना खतरे के निशान 166 मीटर के निशान से 30 सेंटीमीटर नीचे पहुंचकर लौट आई थी। इससे जनपद के निचले इलाकों में पानी पहुंच गया था। शेरगढ़, नौहझील, मांट, महावन और मथुरा-वृंदावन नगर निगम के आवासीय क्षेत्रों में पानी भर गया था। लोग यहां से पलायन कर गए थे।
एक सप्ताह की खामोशी के बाद एक बार फिर यमुना उफान पर है। शुक्रवार को सुबह छह बजे यमुना का जल स्तर प्रयागघाट पर 165.28 मीटर दर्ज था, जो चेतावनी लेवल 165.20 मीटर से 8 सेंटीमीटर ऊपर है। जबकि इस दौरान गोकुल बैराज पर यमुना का जल स्तर 163.45 मीटर दर्ज हुआ।
विज्ञापन
विज्ञापन
पिछले सप्ताह यमुना खतरे के निशान 166 मीटर के निशान से 30 सेंटीमीटर नीचे पहुंचकर लौट आई थी। इससे जनपद के निचले इलाकों में पानी पहुंच गया था। शेरगढ़, नौहझील, मांट, महावन और मथुरा-वृंदावन नगर निगम के आवासीय क्षेत्रों में पानी भर गया था। लोग यहां से पलायन कर गए थे।
विज्ञापन
एक सप्ताह की खामोशी के बाद एक बार फिर यमुना उफान पर है। शुक्रवार को सुबह छह बजे यमुना का जल स्तर प्रयागघाट पर 165.28 मीटर दर्ज था, जो चेतावनी लेवल 165.20 मीटर से 8 सेंटीमीटर ऊपर है। जबकि इस दौरान गोकुल बैराज पर यमुना का जल स्तर 163.45 मीटर दर्ज हुआ।
विज्ञापन
फिलहाल खतरा नहीं
दोपहर दो बजे यमुना का जल स्तर प्रयागघाट पर बढ़कर 165.33 मीटर और गोकुल बैराज पर 163.50 मीटर पर पहुंच गया। इससे मथुरा-वृंदावन के खादर के साथ नौहझील और शेरगढ़ क्षेत्र में पानी आबादी क्षेत्रों की ओर बढ़ रहा है।
कंट्रोल रूप से जुड़े विशेषज्ञों का मानना है कि यमुना में फिलहाल किसी प्रकार से बाढ़ का खतरा नहीं है। ऊपरी क्षेत्र में हो रही बरसात से जल स्तर में इजाफा हो रहा है। इसका असर निचले इलाकों में दिखाई दे रहा है।
कंट्रोल रूप से जुड़े विशेषज्ञों का मानना है कि यमुना में फिलहाल किसी प्रकार से बाढ़ का खतरा नहीं है। ऊपरी क्षेत्र में हो रही बरसात से जल स्तर में इजाफा हो रहा है। इसका असर निचले इलाकों में दिखाई दे रहा है।