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गुमनामी की गर्त में जा रहा यह ऐतिहासिक पर्यटन स्थल
दीपक शाही/अमर उजाला, पिंजौर
Updated Sun, 16 Aug 2015 02:02 PM IST
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एक ओर पीएम मोदी टूरिज्म को बढ़ावा देने की बात कर रहे हैं, दूसरी ओर लापरवाही के चलते पर्यटन स्थल गुमनामी की गर्त जा रहे हैं। हम बात कर रहे हैं पिंजौर स्थित यादविंद्रा गार्डन की।
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इस ऐतिहासिक यादविंद्रा गार्डन के छठे तल पर शाम ढलते ही अंधेरे का साम्राज्य होता है। गार्डन के इस हिस्से में अंधेरा होने के बाद पर्यटक आने से भी घबराते हैं। गार्डन में तैनात सिक्योरिटी गार्ड शाम होते ही पर्यटकों को उधर जाने से मना करते हैं। क्योंकि इस रास्ते से अक्सर सांप को आते जाते देखा गया है।
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यह गार्डन का आखिरी तल है जहां पर एक मंच बना गया है। यहां पर फेस्टिवल के दौरान सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन होता है। इस तल से गार्डन की लाइटिंग का नजारा काफी खूबसूरत दिखता है। लेकिन यहां अंधेरा होने की वजह से पर्यटकों को निराश होकर वापस लौटना पड़ता है।
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गार्डन के आसपास साफ सफाई नहीं होने के चलते बड़े बड़े घास उग आए हैं। जिसके चलते अक्सर यहां सांप निकलते रहते हैं। गार्डन में तैनात एक गार्ड ने नाम नहीं छापने की शर्त पर बताया कि एक बार एक युवती के साथ गार्डन के इसी हिस्से में कुछ युवकों ने छेड़छाड़ की थी। जिसकी शिकायत उसने गार्डन के इंचार्ज से किया। तब से अंधेरा होने के बाद पर्यटकों को वहां जाने नहीं दिया जाता है।
गार्डन के पास बने म्यूजियम में जड़ा है ताला
गार्डन के पास बने ऐतिहासिक भीमा देवी मंदिर परिसर में बना म्यूजियम लापरवाही की भेंट चढ़ता जा रहा है। मंदिर के अवशेषों और मूर्तियों को सहेज कर रखने के लिए म्यूजियम का निमार्ण किया गया था। अब यहां अक्सर ताला जड़ा रहता है।
सैलानी आते हैं और बैरंग लौट जाते हैं। पुरातत्व विभाग की लापरवाही की वजह से इस म्यूजियम की स्थिति खराब होती जा रही है। बता दे कि खासकर पर्यटकों को आकर्षित करते के लिए इस म्यूजियम का निमार्ण किया गया था।
वर्ष 1974 में पुरातत्व विभाग को पिंजौर में एक पंचायत मंदिर के अवशेष मिले, जिसमें मुख्य देवता का मंदिर केंद्र में था और उसी देव परिसर के अन्य चार देवताओं के मंदिर चारों कोनों पर बनाए गए थे। वर्तमान में इसी मंदिर को भीमा देवी मंदिर के नाम से जाना जाता है। राज्य संरक्षित स्मारक घोषित होने के बाद इस मंदिर का कायाकल्प किया गया था।
क्या कहना है पर्यटकों का
गार्डन के आखिरी तल पर अंधेरा होने के चलते पूरा मजा किरकिरा हो गया। अंधेरा होने के चलते गार्ड भी इधर जाने से मना कर रहे हैं।
- मीनाक्षी, निवासी हिमाचल
गार्डन घूमने के बाद पता चला की यहां पर एक म्यूजियम भी है । लेकिन वहां गए तो ताला लगा मिला। साफ सफाई नहीं होने के चलते गार्डन में बड़े बड़े घास उग आए हैं।
- अनूप, निवासी पालमपुर
यहां पर स्वीमिंग के नाम पर पर्यटकों को लूटा जा रहा है। हर तरफ अव्यवस्था का आलम है। गार्डन में भी साफ सफाई का अभाव है।
- सीमा, निवासी चंडीगढ़
गार्डन में अव्यवस्थाओं का अंबार है। गार्डन की लाइटिंग इतनी अच्छी है, लेकिन आखिरी तल पर अंधेरा होने के चलते, गार्डन की सुंदरता को खराब हो जाती है।
- सुभाष, निवासी राजस्थान