{"_id":"68b7b419e3bdfa84e5095b60abbeffe7","slug":"uttrakhandi-cultural-programme-in-tagore-theatre","type":"story","status":"publish","title_hn":"उत्तराखंड की लोक संस्कृति से गूंजा टैगोर थिएटर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
उत्तराखंड की लोक संस्कृति से गूंजा टैगोर थिएटर
ब्यूरो/ अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Sun, 16 Mar 2014 12:31 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
उत्तराखंड युवा मंच ने शनिवार को टैगोर थिएटर में वार्षिक सांस्कृतिक कार्यक्रम ‘बिसिर्याँ बाटा’ का आयोजन किया। उत्तराखंड की लोक संस्कृति पर आधारित कार्यक्रम में कलाकारों ने एक से बढ़कर एक प्रस्तुतियां पेश की। लोगों ने इसका भरपूर आनंद उठाया।
टैगोर थिएटर में आयोजित कार्यक्रम में सांसद पवन बंसल बतौर मुख्य अतिथि मौजूद रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ जागर (उत्तराखंड में देवी-देवताओं को मनाने के लिए की जाने वाली पूजा) से किया गया।
इसके बाद उत्तराखंड के कलाकारों ने लोकनृत्य पेश किए। इसमें थड्या, चोफला प्रमुख रूप से शामिल रहा। इसके बाद उत्तराखंड की जानी मानी कलाकार कल्पना चौहान ने अपने गीतों से समां बांध दिया।
विज्ञापन
लोगों ने उनके गीतों पर तालियों की गड़गड़ाहट से उनका साथ दिया। उनके अलावा गदीश बकरोला, रोहित चौहान, नवीन पाठक और विरेंद्र सजवाण ने शानदार प्रस्तुतियां दीं।
विज्ञापन
टैगोर थिएटर में आयोजित कार्यक्रम में सांसद पवन बंसल बतौर मुख्य अतिथि मौजूद रहे। कार्यक्रम का शुभारंभ जागर (उत्तराखंड में देवी-देवताओं को मनाने के लिए की जाने वाली पूजा) से किया गया।
विज्ञापन
इसके बाद उत्तराखंड के कलाकारों ने लोकनृत्य पेश किए। इसमें थड्या, चोफला प्रमुख रूप से शामिल रहा। इसके बाद उत्तराखंड की जानी मानी कलाकार कल्पना चौहान ने अपने गीतों से समां बांध दिया।
विज्ञापन
लोगों ने उनके गीतों पर तालियों की गड़गड़ाहट से उनका साथ दिया। उनके अलावा गदीश बकरोला, रोहित चौहान, नवीन पाठक और विरेंद्र सजवाण ने शानदार प्रस्तुतियां दीं।