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चंडीगढ़ नगर निगम का खजाना खाली, 26 वार्डों में 70 काम अधूरे, जनप्रतिनिधियों से लोग कर रहे सवाल

Mon, 23 Nov 2020 06:02 PM IST
ajay kumar नवदीप मिश्रा, अमर उजाला, चंडीगढ़
नवदीप मिश्रा, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Mon, 23 Nov 2020 06:02 PM IST
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Treasury of Chandigarh Municipal Corporation empty, 70 works in 26 wards incomplete
नगर निगम चंडीगढ़ - फोटो : फाइल फोटो

वित्तीय संकट के चलते नगर निगम ने विकास कार्यों पर रोक लगा रखी है। ऐसे में शहर के 26 वार्डों में करीब 70 काम अधूरे पड़े हैं। काम पूरा न होने से लोग परेशान हैं और जनप्रतिनिधियों से सवाल कर रहे हैं। जनप्रतिनिधि भी इस बात से परेशान हैं कि आखिर वह जनता को क्या जवाब दें।

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हाल ही में 26 वार्डों के पार्षदों से उनके क्षेत्र में अधूरे कार्यों की सूची मांगी गई थी। इसमें देखा गया कि वर्ष 2018 से कई कार्य अधूरे पड़े हैं। सबसे ज्यादा कार्य पार्षद सुनीता धवन के वार्ड नंबर- 4 में अधूरे हैं। यहां 14 कार्य अधूरे पड़े हैं। इनमें से कुछ कार्य तो शुरू भी नहीं हुए हैं। 
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वहीं, पार्षद दिलीप शर्मा के वार्ड नंबर- 14 के बापूधाम इलाके में प्रशासन ने स्पोर्ट्स कांप्लेक्स बनाने की अनुमति दी थी। जगह भी तय हो गई लेकिन काम अब तक शुरू नहीं हुआ है। वहीं वित्तीय संकट से जूझ रहे निगम ने भी पार्षदों को प्राथमिकता वाले कार्यों को ही कराने को कहा है। ऐसे में पार्षदों के सामने बड़ा संकट है कि वह अपने क्षेत्र के लोगों को क्या जवाब दें। 

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सबसे ज्यादा काम इंजीनियरिंग विभाग के लटके 

सूची में सबसे ज्यादा काम इंजीनियरिंग विभाग के लटके हुए हैं। ऐसे 26 कार्य हैं जो अलग-अलग वार्डों में कराए जाने हैं लेकिन अब तक नहीं हुए हैं। वहीं सीएयूटी व सीईयूटी के 30 कार्य बकाया हैं। इसके अलावा ट्रैफिक विभाग के तीन व हेल्थ विभाग का भी एक कार्य शेष हैं। पार्षदों ने सभी कार्यों को जल्द कराने की मांग की है। 

मनोनीत पार्षदों के कार्यों में भी रुचि नहीं 
निगम में शामिल 13 गांवों में विकास कार्यों के लिए मनोनीत पार्षदों को एक-एक गांव की जिम्मेदारी दी गई थी। मनोनीत पार्षद वहां गए और विकास कार्यों की सूची बनाई। फंड तो छोड़ो पार्षदों की ओर से दिए गए छोटे-छोटे कार्यों पर भी निगम प्रशासन ने रुचि नहीं ली। वहीं, दरिया गांव के लिए जनरल एमएस कांडल की ओर से दिए गए 102 करोड़ के विकास कार्य का पैसा भी नहीं मिला। 

निगम के यह कार्य भी अधूरे 

  • 13 गांवों के लिए विशेष ग्रांट 
  • मलोया में एसटीपी तक जाने के लिए अप्रोच रोड
  • रॉक गार्डन के पास लोगों की सहूलियत के लिए निर्माण कार्य
  • मनीमाजरा के अलग-अलग पॉकेट में विकास कार्य
  • सेक्टर-23 के सामुदायिक केंद्र को ट्रांसफर करना
  • सेक्टर-7, 8 व 17 में अंडर ग्राउंड पार्किंग
  • सेक्टर-17 व 22 में एस्केलेटर का निर्माण
  • निगम के पेट्रोल पंप पर सीएनजी स्टेशन का निर्माण

सभी वार्डों के प्रमुख कार्यों की सूची बना रहे हैं। प्राथमिक तौर पर महत्वपूर्ण कार्यों को पूरा कराया जा रहा है। प्रशासन के कार्यों के लिए प्रशासक या उनके सलाहकार से मिलकर जल्द काम पूरा कराने का प्रयास करेंगे। - राजबाला मलिक, महापौर।

 

मेरे क्षेत्र में एक स्पोर्ट्स कांप्लेक्स व एक सामुदायिक केंद्र लगभग तैयार है लेकिन उसे प्रशासन ने आज तक अंतिम रूप नहीं दे सका है। जनता पर बोझ बढ़ रहा है लेकिन काम नहीं हो रहे। - देवेंद्र सिंह बबला, नेता प्रतिपक्ष।

 

सभी पार्षदों से उनके वार्डों के अधूरे कार्यों की सूची मांगी थी। प्रशासन को सूची भेज दी है। जो काम प्राथमिकता के आधार पर पूरे होने हैं, उन्हें अधिकारियों से तालमेल बनाकर पूरा कराएंगे। - केके यादव, आयुक्त, नगर निगम।

चंडीगढ़ प्रशासन के पास फंड की कोई कमी नहीं है। वार्डों के कार्य दिखवा लिए जाएंगे। रुके सभी काम जल्द पूरे किए जाएंगे। - मनोज परिदा, सलाहकार, चंडीगढ़ प्रशासक  

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