Haryana News: राम रहीम का राजस्थान में अपहरण और जेल में हमशक्ल होने का दावा करने वाले को हाईकोर्ट से राहत
जस्टिस संदीप मोदगिल ने याचिका पर हरियाणा सरकार और शिकायतकर्ता को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। साथ ही एफआईआर में जांच पर भी रोक लगा दी है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
राम रहीम का राजस्थान में अपहरण होने और जेल में उनका हमशक्ल होने के दावे को खारिज करने के बाद याचिकाकर्ता पर दर्ज धार्मिक भावनाएं आहत करने के मामले में पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने उसे बड़ी राहत दी है। हाईकोर्ट ने याचिकाकर्ता के खिलाफ दर्ज मामले में जांच पर रोक लगा दी है। याचिका दाखिल करते हुए रवि व अन्य ने हाईकोर्ट को बताया था कि राम रहीम को हरियाणा पुलिस ने गिरफ्तार किया था। इसके बाद जब वह पैरोल पर बाहर आए तो उनके शरीर में काफी अंतर देखा गया। उनका कद एक इंच बढ़ गया है जबकि उनकी आयु 50 वर्ष है और इस आयु में किसी का कद नहीं बढ़ता। इसके साथ ही उनकी उंगलियां भी लंबी हो गई है।
राम रहीम का हमशक्ल तैयार किया जा रहा है और इस मामले में स्वतंत्र एजेंसी से जांच करवाई जानी चाहिए। कोर्ट ने याचिकाकर्ता को जमकर फटकार लगाई थी और कहा था कि याची कोई फिल्म देखकर आया है। याचिका खारिज होने के बाद डेरा समर्थक होने का दावा करने वाले कुछ लोगों ने इस मामले में याचिकाकर्ताओं के खिलाफ सिरसा पुलिस को शिकायत दी थी। इसके बाद 16 नवंबर 2022 को पांच लोगों के खिलाफ धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई।
आरोपियों ने हाईकोर्ट में याचिका दाखिल करते हुए कहा कि उन पर धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का मामला बनता ही नहीं है क्योंकि डेरा सच्चा सौदा कोई धार्मिक समुदाय नहीं है। एफआईआर दुर्भावनापूर्ण तरीके से दर्ज की गई है। जस्टिस संदीप मोदगिल ने याचिका पर हरियाणा सरकार और शिकायतकर्ता को नोटिस जारी कर जवाब मांगा है। साथ ही एफआईआर में जांच पर भी रोक लगा दी है।