हरियाणा सरकार ने अपनाया सख्त रूख, ऐलान- सरकारी विभागों के हड़ताली कर्मियों का कटेगा वेतन
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हरियाणा सरकार ने रोडवेज हड़ताल के समर्थन में तीन दिन हड़ताल पर रहे सरकारी विभागों के कर्मचारियों का भी वेतन काटने का निर्णय लिया है। स्कूल शिक्षा विभाग ने शिक्षक और गैर शिक्षक स्टाफ का 26 अक्टूबर का सामूहिक अवकाश रद्द कर दिया है, अन्य विभागों में भी यह कार्रवाई जारी है। सभी विभागाध्यक्षों ने जिला अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे 26, 30 व 31 अक्टूबर को हड़ताल पर रहे कर्मचारियों का तीन दिन का वेतन काटकर अदायगी करें।
साथ ही सात दिन में हड़ताली कर्मचारियों से स्पष्टीकरण लेकर मुख्यालय को भी अवगत कराया जाए। सरकार और हड़ताली कर्मचारियों के बीच इससे गतिरोध और बढ़ सकता है। सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा व अन्य संगठनों ने रोड़वेज कर्मचारियों के समर्थन में आयोजित दो दिवसीय हड़ताल खत्म कर दी है, जबकि अन्य आंदोलन जारी रखने का ऐलान किया है।
रोडवेज की हड़ताल 16वें दिन भी जारी रही। रोडवेज कर्मचारी तालमेल कमेटी किलोमीटर स्कीम रद्द करने पर अड़ी हुई है। बुधवार को सर्व कर्मचारी संघ व अन्य संगठनों की हड़ताल का व्यापक असर रहा। दो लाख से अधिक कर्मचारी हड़ताल पर रहे। जिससे दफ्तरों में कामकाज बाधित हुआ। सरकारी प्रवक्ता ने दावा किया है कि बुधवार को एक लाख 23 हजार कर्मचारी दफ्तरों में हाजिर रहे। बायोमीट्रिक मशीनों पर उन्होंने उपस्थिति दर्ज कराई है। कामकाज सामान्य रहा।
राज्य स्तरीय बैठक कर लेंगे आगामी आंदोलन का निर्णय
सर्व कर्मचारी संघ हरियाणा के प्रधान धर्मबीर फोगाट व महासचिव सुभाष लांबा ने बताया कि जल्दी सभी कर्मचारी एवं शिक्षक संगठन राज्य स्तरीय मीटिंग आयोजित कर आगामी आंदोलन का निर्णय लेंगे। सभी संगठनों ने भूना (फतेहाबाद) में मुख्यमंत्री के आगमन पर रोडवेज कर्मचारियों की हड़ताल को समाप्त करवाने की मांग को लेकर प्रर्दशन कर रहे किसानों, मजदूरों व कर्मचारियों ने लाठीचार्ज और गिरफ्तारियों की आलोचना की है।
लांबा ने भूना में 14 और भिवानी में गिरफ्तार 2 किसानों, मजदूरों व कर्मचारियों को तुरंत रिहा करने की मांग की है। बीरेंद्र सिंह डंगवाल, शिव कुमार पराशर, नरेश शास्त्री, विजय जौली, सीएन भारती, जगरोशन, सीटू अध्यक्ष सतबीर सिंह, महासचिव जय भगवान व कार्यकारी अध्यक्ष विनोद कुमार ने कहा कि कर्मचारी रोडवेज का निजीकरण सहन नहीं करेंगें। निर्णायक आंदोलन लड़ने को वे पूरी तरह तैयार हैं। उन्होंने सीएम से तुरंत हस्तक्षेप कर रोडवेज हड़ताल खत्म कराने की मांग की है।
53 चहेतों को लाभ पहुंचाने पर अडिग सरकार
रोडवेज तालमेल कमेटी के वरिष्ठ सदस्य हरिनारायण शर्मा, विरेंद्र धनखड़, दलबीर किरमारा, अनूप सहरावत, जयभगवान कादियान, बलवान सिंह दोदवा, सरबत पूनिया, आजाद गिल, पहल सिंह तंवर व नसीब जाखड़ ने कहा कि जनता के भारी विरोध के बावजूद सरकार मात्र अपने 53 चहेतों को लाभ पहुंचाने के लिए किलोमीटर स्कीम पर अड़ी हुई है। तालमेल कमेटी लगातार बैठक बुलाने की मांग कर रही है ताकि बातचीत से हड़ताल खत्म हो रहे, लेकिन बल प्रयोग से आंदोलन कुचलने का प्रयास हो रहा है। मुख्यमंत्री पूरे मामले की तह तक जाकर हड़ताल खत्म कराएं।