चंडीगढ़: लूट न चोरी, कैश वैन से 39 लाख रुपये गायब, दो दिन बाद अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज
कंपनी की ओर से गाड़ी की लोकेशन और सीसीटीवी फुटेज चेक की गई। जब अधिकारियों के हाथ कुछ नहीं लगा तो सेक्टर-47 चौकी में प्राथमिकी दर्ज कराई गई। सेक्टर-31 थाना पुलिस ने यह शिकायत नयागांव ट्रांसफर कर दी। पंजाब पुलिस की ओर से एतराज करने पर दोनों शहरों की पुलिस की एक बैठक हुई। इसमें तय हुआ कि मामला सेक्टर-31 थाने में दर्ज किया जाएगा। पंजाब पुलिस का तर्क था कि कैश वैन नयागांव में कुछ मीटर अंदर ही घुसी है और इस बीच कहीं रुकी भी नहीं है।
विस्तार
बैंकों के एटीएम में रुपये जमा कराने वाली कंपनी सीएमएस की गाड़ी से 39 लाख रुपये चोरी करने का मामला सामने आया है। रूट के अलावा गाड़ी को न कहीं रोका गया और न कोई लूट हुई, बावजूद इसके रुपये गायब हो गए। शुक्रवार को हुई इस वारदात के बाद कंपनी के अधिकारियों ने पुलिस को सूचना देकर डीडीआर दर्ज करवा दी थी लेकिन गाड़ी की अंतिम लोकेशन नयागांव होने के कारण चंडीगढ़ पुलिस ने मामला नयागांव थाने पर डालने का प्रयास किया। शनिवार को चंडीगढ़ व मोहाली के पुलिस अधिकारियों की बैठक के बाद चंडीगढ़ सेक्टर-31 थाने में अज्ञात के खिलाफ केस दर्ज कर लिया गया। वहीं, गाड़ी में मौजूद चार लोगों से पूछताछ की जा रही है।
कांसल गांव निवासी सीएमएस कंपनी के कैश कस्टोडियम भूपेंद्र सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया है कि वह पिछले 9 साल से काम कर रहे हैं। शुक्रवार को लगभग साढ़े 10 बजे सेक्टर-47 स्थित कंपनी के दफ्तर से वह कैश लेने गए थे। उनके साथ कंपनी का ही कर्मचारी मुनीश चावला भी था। दफ्तर से उन्होंने कुल 1 करोड़ 9 लाख रुपये निकाले। 70 लाख रुपये एक बैग में थे जबकि 39 लाख रुपये एक लोहे के ट्रंक में थे। ट्रंक को कंपनी ने पहले ही सील करके रखा हुआ था।
दोनों कर्मचारी, एक सुरक्षाकर्मी और चालक के साथ वैन नंबर एचआर-68 ए 6693 से सबसे पहले सेक्टर-37 स्थित कोटक महिंद्रा के एटीएम पहुंचे और कैश डाला। उसके बाद सेक्टर-38 वेस्ट स्थित एसबीआई के एटीएम पहुंचे और कैश डाला। वहां से वैन लेकर चारों नयागांव के श्मशान घाट स्थित एसबीआई के एटीएम पहुंचे। यहां मुनीश चावला ने देखा कि कैश वैन से 39 लाख रुपये से भरा लोहे का ट्रंक गायब है। घबराकर चारों ने कंपनी के अधिकारियों को सूचना दी।
कंपनी की ओर से गाड़ी की लोकेशन और सीसीटीवी फुटेज चेक की गई। जब अधिकारियों के हाथ कुछ नहीं लगा तो सेक्टर-47 चौकी में प्राथमिकी दर्ज कराई गई। सेक्टर-31 थाना पुलिस ने यह शिकायत नयागांव ट्रांसफर कर दी। पंजाब पुलिस की ओर से एतराज करने पर दोनों शहरों की पुलिस की एक बैठक हुई। इसमें तय हुआ कि मामला सेक्टर-31 थाने में दर्ज किया जाएगा। पंजाब पुलिस का तर्क था कि कैश वैन नयागांव में कुछ मीटर अंदर ही घुसी है और इस बीच कहीं रुकी भी नहीं है।
मोहाली में पहले आ चुका है ऐसा मामला
कैश वैन से रुपये चोरी करने और लूट के तो शहर में कई मामले दर्ज हुए हैं, लेकिन इस तरह का मामला चंडीगढ़ कभी नहीं आया है, जिसमें चलती गाड़ी से रुपये गायब हो गए हों। इससे पहले मार्च 2015 में मोहाली में एक कैश वैन से एक करोड़ 34 लाख रुपये गायब हुए थे। इस मामले में भी कर्मचारियों ने किसी लूट या चोरी का अंदेशा नहीं जताया था। पुलिस अब तक इस मामले की जांच में जुटी है।
कैश वैन से रुपये गायब होने का मामला संज्ञान में आया है। रुपये कहां और कैसे गायब हुए हैं, इसे लेकर वैन सवार चारों व्यक्ति असमंजस में हैं। लिखित शिकायत के बाद जांच शुरू कर दी गई है। मामले से जुड़े लोगों से पूछताछ भी की जा रही है।- केतन बंसल, एसपी सिटी, चंडीगढ़
कंपनी के कर्मचारियों ने जो शिकायत दी है, उसमें उनको खुद ही नहीं पता है कि कैश कहां पर और कैसे गायब हुआ है, लेकिन मामले में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। छानबीन कर रहे हैं। जल्द ही मामले को सुलझा लिया जाएगा।-नरेंद्र सिंह, थाना प्रभारी सेक्टर-31, चंडीगढ़
चंडीगढ़ पुलिस से एक डीडीआर आई थी, जिसमें इस मामले संबंधी जिक्र था, लेकिन हमारे इलाके में यह मामला नहीं बनता है। अगर चंडीगढ़ पुलिस को जांच में कुछ ऐसा मिलता है तो हम जरूर इस मामले में सहयोग करेंगे। -सुनील शर्मा, थाना प्रभारी, नयागांव