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Chandigarh News: 710 गांवों और महाग्रामों में स्ट्रीट लाइट लगाने की जिम्मेदारी जिला परिषदों को सौंपी
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अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा सरकार ने प्रदेश के महानगरों और 710 ग्राम पंचायतों में स्ट्रीट लाइट लगाने की जिम्मेदारी जिला परिषदों को सौंप दी है। अब स्ट्रीट लाइटों से संबंधित कार्य जिला परिषद ही करेंगी। इसके अलावा, गांवों को भी शहरों की तर्ज पर सुंदर और स्वच्छ बनाने की दिशा में काम किया जाएगा। हरियाणा सरकार ने यह फैसला पंचायती राज संस्थाओं और शहरी स्थानीय निकायों की कार्यप्रणाली में जवाबदेही तय करने के लिए किया है। इसके लिए पंचायती राज संस्थाओं को एक परिभाषित फॉर्मूले के आधार पर राज्य के स्वयं कर राजस्व (एसओटीआर) के हिसाब से प्रति व्यक्ति के आधार पर सरकार द्वारा धनराशि सीधे भेजी जा रही है।
जिला परिषदों में 699 पद सृजित करके इंजीनियरिंग विंग की स्थापना की गई है, ताकि वे ग्रामीण बुनियादी ढांचे के रखरखाव के लिए अतिरिक्त जिम्मेदारियां संभाल सकें। जिला परिषदों को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों और उप-केंद्रों के रखरखाव के अलावा हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड द्वारा निर्मित ग्रामीण सड़कों के रखरखाव की जिम्मेदारी भी सौंपी गई है। सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में अनुसूचित जातियों और पिछड़े वर्गों की चौपालों की मरम्मत के लिए धन सुनिश्चित करने के लिए विशेष कदम उठाए गए हैं। इन चौपालों की मरम्मत की मांग ग्राम पंचायतों द्वारा ग्राम दर्शन पोर्टल पर अपलोड की जा सकती है या जन संवाद कार्यक्रमों में भी उठाई जा सकती है।
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चंडीगढ़। हरियाणा सरकार ने प्रदेश के महानगरों और 710 ग्राम पंचायतों में स्ट्रीट लाइट लगाने की जिम्मेदारी जिला परिषदों को सौंप दी है। अब स्ट्रीट लाइटों से संबंधित कार्य जिला परिषद ही करेंगी। इसके अलावा, गांवों को भी शहरों की तर्ज पर सुंदर और स्वच्छ बनाने की दिशा में काम किया जाएगा। हरियाणा सरकार ने यह फैसला पंचायती राज संस्थाओं और शहरी स्थानीय निकायों की कार्यप्रणाली में जवाबदेही तय करने के लिए किया है। इसके लिए पंचायती राज संस्थाओं को एक परिभाषित फॉर्मूले के आधार पर राज्य के स्वयं कर राजस्व (एसओटीआर) के हिसाब से प्रति व्यक्ति के आधार पर सरकार द्वारा धनराशि सीधे भेजी जा रही है।
जिला परिषदों में 699 पद सृजित करके इंजीनियरिंग विंग की स्थापना की गई है, ताकि वे ग्रामीण बुनियादी ढांचे के रखरखाव के लिए अतिरिक्त जिम्मेदारियां संभाल सकें। जिला परिषदों को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों और उप-केंद्रों के रखरखाव के अलावा हरियाणा राज्य कृषि विपणन बोर्ड द्वारा निर्मित ग्रामीण सड़कों के रखरखाव की जिम्मेदारी भी सौंपी गई है। सरकारी प्रवक्ता ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में अनुसूचित जातियों और पिछड़े वर्गों की चौपालों की मरम्मत के लिए धन सुनिश्चित करने के लिए विशेष कदम उठाए गए हैं। इन चौपालों की मरम्मत की मांग ग्राम पंचायतों द्वारा ग्राम दर्शन पोर्टल पर अपलोड की जा सकती है या जन संवाद कार्यक्रमों में भी उठाई जा सकती है।
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