{"_id":"65f8941a988d1da3af02dd24","slug":"record-of-annual-assessment-of-8-lakh-15-thousand-students-recorded-on-nipun-app-chandigarh-news-c-16-1-pkl1007-378666-2024-03-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chandigarh News: निपुण एप पर 8.15 लाख विद्यार्थियों के वार्षिक आकलन का रिकाॅर्ड दर्ज","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chandigarh News: निपुण एप पर 8.15 लाख विद्यार्थियों के वार्षिक आकलन का रिकाॅर्ड दर्ज
विज्ञापन
अब 21 मार्च तक शिक्षकों के पास रिकाॅर्ड दर्ज कराने का मौका
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। निपुण हरियाणा टीचर एप पर कक्षा पहली से लेकर तीसरी तक के परीक्षा परिणाम का डाटा दर्ज किया गया है। मगर अध्यापकों के स्थानांतरण होने से एप पर डाटा दर्ज कराने की गति धीमी हुई है। लिहाजा शिक्षा निदेशालय ने राज्य के सभी मौलिक अधिकारियों और खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं कि 21 मार्च तक एप पर डाटा दर्ज कराने की अवधि बढ़ाई गई है।
16 मार्च को कक्षा पहली से तीसरी तक की लिखित परीक्षाएं समाप्त हो चुकी हैं। ऐसे में जो पुराने अध्यापक स्कूल से रिलीव हो चुके हैं या फिर उनका स्थानांतरण हो चुका है, वे अपने सभी परीक्षा परिणाम का रिकाॅर्ड निर्धारित अवधि के भीतर एप पर अपलोड करें। सोमवार तक निपुण हरियाणा टीचर एप पर 8 लाख 15 हजार विद्यार्थियों के वार्षिक आकलन का रिकाॅर्ड शिक्षकों द्वारा अपलोड किया गया है, जिससे शिक्षा निदेशालय ने शिक्षकों के कार्य को सराहा है।
विज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। निपुण हरियाणा टीचर एप पर कक्षा पहली से लेकर तीसरी तक के परीक्षा परिणाम का डाटा दर्ज किया गया है। मगर अध्यापकों के स्थानांतरण होने से एप पर डाटा दर्ज कराने की गति धीमी हुई है। लिहाजा शिक्षा निदेशालय ने राज्य के सभी मौलिक अधिकारियों और खंड शिक्षा अधिकारियों को निर्देश जारी किए हैं कि 21 मार्च तक एप पर डाटा दर्ज कराने की अवधि बढ़ाई गई है।
16 मार्च को कक्षा पहली से तीसरी तक की लिखित परीक्षाएं समाप्त हो चुकी हैं। ऐसे में जो पुराने अध्यापक स्कूल से रिलीव हो चुके हैं या फिर उनका स्थानांतरण हो चुका है, वे अपने सभी परीक्षा परिणाम का रिकाॅर्ड निर्धारित अवधि के भीतर एप पर अपलोड करें। सोमवार तक निपुण हरियाणा टीचर एप पर 8 लाख 15 हजार विद्यार्थियों के वार्षिक आकलन का रिकाॅर्ड शिक्षकों द्वारा अपलोड किया गया है, जिससे शिक्षा निदेशालय ने शिक्षकों के कार्य को सराहा है।
विज्ञापन