{"_id":"5f5e169b24bc9f37310b7392","slug":"punjab-and-haryana-high-court-strict-on-illegal-mining","type":"story","status":"publish","title_hn":"हाईकोर्ट ने पंजाब डीजीपी से पूछा- अवैध खनन की जांच को एसआईटी का गठन क्यों नहीं किया जा रहा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
हाईकोर्ट ने पंजाब डीजीपी से पूछा- अवैध खनन की जांच को एसआईटी का गठन क्यों नहीं किया जा रहा
Mon, 14 Sep 2020 06:48 AM IST
ajay kumar
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: ajay kumar
Updated Mon, 14 Sep 2020 06:48 AM IST
विज्ञापन
पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट (फाइल फोटो)
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पंजाब में बड़े पैमाने पर हो रहे अवैध खनन पर उच्च न्यायालय का सख्त रवैया जारी है। अदालत ने डीजीपी से पूछा है आखिर सरकार अवैध खनन की जांच के लिए एसआईटी का गठन क्यों नहीं कर रही है। इसके साथ ही कोर्ट ने फिरोजपुर में अवैध खनन में लिप्त आरोपियों की अग्रिम जमानत अर्जी को खारिज कर दिया।
विज्ञापन
जस्टिस अनिल क्षेत्रपाल ने कहा कि अवैध खनन न सिर्फ राज्य के पर्यावरण और पारिस्थितिकी संतुलन के लिए बड़ा खतरा बनता जा रहा है, बल्कि इससे राज्य को मिलने वाले राजस्व का भी नुकसान हो रहा है। ऐसे में डीजीपी अब किसी आईजी स्तर के अधिकारी की अध्यक्षता में एसआईटी का गठन करने पर गौर करें ताकि गहन जांच कर रोक लगाई जा सके।
विज्ञापन
उच्च न्यायालय ने कहा कि यह बेहद गंभीर मामला है, कैसे इतनी बड़ी संख्या में ट्रकों को माइनिंग मैटेरियल के साथ पकड़ा गया। न्यायालय के आदेशों पर इन ट्रकों के मालिकों की पहचान की जा रही है। इनमे से 31 ऐसे आरोपियों ने अपनी अग्रिम जमानत की मांग को लेकर न्यायालय में याचिका दायर की थी।
विज्ञापन