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पीयू नियमित कक्षाओं पर नहीं ले पा रही फैसला, कॉलेज तैयार

Thu, 12 Nov 2020 08:27 PM IST
Panchkula Bureau पंचकुला ब्‍यूरो
Updated Thu, 12 Nov 2020 08:27 PM IST
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PU not able to take regular classes, college ready
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : PU
चंडीगढ़। उच्च शिक्षा विभाग ने दिवाली के बाद शहर के कॉलेजों को खोलने को लेकर मसौदा तैयार कर लिया है। वहीं पंजाब यूनिवर्सिटी नियमित कक्षाओं को लेकर अभी तक कोई योजना नहीं बना पाई है। अधिकारियों ने बताया कि दिवाली के बाद ही नियमित कक्षाओं को लेकर बैठक आयोजित की जाएगी। वहीं विद्यार्थियों का कहना है कि ऑनलाइन कक्षा में सिर्फ पाठ्यक्रम पूरा हो रहा है, व्यावहारिक शिक्षा नहीं है।
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पीयू के डीन यूनिवर्सिटी इंस्ट्रक्शन्स आरके सिंगला ने बताया कि नियमित कक्षाओं को लेकर अभी कोई योजना नहीं है। दिवाली के बाद ही प्रशासनिक अधिकारी बैठक कर इस सिलसिले में कोई निर्णय लेंगे। पंजाब यूनिवर्सिटी विद्यार्थियों के शैक्षणिक मुद्दों को लेकर फैसले लेने में बहुत धीरे चल रही है। वहीं कई विद्यार्थियों ने बताया कि पीयू सीनेट चुनाव को लेकर भी चिंतित है। इसलिए विद्यार्थियों को नियमित कक्षा के लिए नहीं बुलाया जा रहा, क्योंकि अगर विद्यार्थी कैंपस में आने लगेंगे तो अधिकारियों पर चुनाव करवाने को लेकर दबाव बढ़ जाएगा।
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ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थी नहीं लगा पा रहे ऑनलाइन कक्षा
पीयू के एक रिसर्च स्कॉलर ने बताया कि उनकी कक्षा में 50 प्रतिशत विद्यार्थी मुश्किल से एमए की कक्षा लगा रहे हैं। उनकी कक्षा के अधिकांश विद्यार्थी पंजाब के ग्रामीण क्षेत्र, लद्दाख और उतर-पूर्वी इलाके से हैं। इन विद्यार्थियों का कहना है कि उनके क्षेत्र में नेटवर्क कनेक्ट नहीं हो पाता है।
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कई कक्षाओं में भेजे जा रहे सिर्फ नोट्स
पीयू के एमए के विद्यार्थियों ने बताया कि कई प्रोफेसर नियमित तौर पर ऑनलाइन लेक्चर ले रहे हैं। वहीं कई विषयों के शिक्षकों की ओर से नोट्स भेजकर पाठ्यक्रम पूरा करवाया जा रहा है। कभी-कभी ऑनलाइन कक्षा लगाकर हाजिरी ले ली जाती है।

कानून विभाग में मूट लैब की जगह होंगी प्रेजेंटेशन
कानून के विद्यार्थियों ने बताया कि हमारी व्यावहारिक शिक्षा के लिए मूट कोर्ट होती है। जहां सब वकीलों की तरह ही केस पर बहस करते हैं। कोरोना के कारण इस बार मूट कोर्ट को हटा दिया है, इसकी जगह ऑनलाइन प्रेजेंटेशन ली जाएगी। जबकि मूट कोर्ट हमारे कानून पाठ्क्रम का अभिन्न हिस्सा थी।
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