{"_id":"5fe64bb28ebc3e3e751c89be","slug":"passengers-returned-from-uk-increased-concern-not-ready-for-investigation-chandigarh-news-pkl3984748125","type":"story","status":"publish","title_hn":"यूके से लौटे यात्रियों ने बढ़ाई चिंता, जांच के लिए तैयार नहीं","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यूके से लौटे यात्रियों ने बढ़ाई चिंता, जांच के लिए तैयार नहीं
विज्ञापन
चंडीगढ़। यूके से चंडीगढ़ लौटे यात्रियों ने स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ा दी है। चिंता की बात यह है कि घर आने के बाद वे लोग अपनी जांच कराने को तैयार नहीं हो रहे हैं। तमाम प्रयासों के बाद स्वास्थ्य विभाग ने 9 से 23 दिसंबर के बीच यूके से लौटे 52 लोगों से संपर्क तो कर लिया, लेकिन जांच के नाम पर उन्हें निराशा ही हाथ लगी। इनमें से केवल 9 लोगों ने ही दोबारा जांच कराने के लिए हामी भरी। अन्य लोगों ने खुद को संक्रमण मुक्त बता कर जांच कराने से इनकार कर दिया है। स्वास्थ्य विभाग का कहना है कि सभी 52 लोगों से लगातार संपर्क किया जा रहा है। अभी किसी में भी कोई लक्षण नहीं आया है, न ही किसी की रिपोर्ट पॉजिटिव आई है। जिन लोगों का जांच का नमूना लिया गया है, उनकी आरटीपीसीआर जांच की जाएगी। इसकी 24 से 48 घंटे के बीच रिपोर्ट आ जाएगी।
दोबारा जांच को तैयार नहीं
केंद्र सरकार की ओर से तय मानक के अनुसार यूके से लौटे सभी लोगों की घर आने के बाद जांच अनिवार्य है। स्वास्थ्य विभाग ने शुक्रवार को उन सभी 52 लोगों से संपर्क कर लिया, लेकिन उनमें से महज 9 लोगों ने जांच के लिए नमूना दिया। रैपिड रिस्पांस टीम ने 52 में से 30 लोगों के घर जाकर नमूना लेने का प्रयास किया, लेकिन 9 के अलावा अन्य ने यह कहकर इनकार कर दिया कि उनकी जांच एयरपोर्ट पर हो चुकी है और रिपोर्ट निगेटिव आई है, इसलिए अब वे जांच नहीं कराना चाहते।
हेल्प डेस्क लगातार कर रहा संपर्क
यूके से लौटे लोगों से लगातार संपर्क स्थापित करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने हेल्प डेस्क पर डॉक्टरों की संख्या बढ़ा दी है। हेल्प डेस्क पर 12 रेजिडेंट डॉक्टर अलग से लगाए गए हैं। उन्हें निर्देशित किया गया है कि वे लगातार उन 52 लोगों से संपर्क करते रहें और उनका फॉलोअप लेते रहें, जिससे किसी को भी कोई परेशानी होने पर तत्काल उसकी जानकारी मिल सके।
विज्ञापन
बॉक्स
दो हफ्ते तक रहना है एकांतवास में
9 से 23 दिसंबर के बीच यूके से यात्रा कर लौटे 52 यात्रियों को 2 से 3 हफ्ते तक एकांतवास में रहने का निर्देश दिया गया है। केंद्र सरकार की गाइडलाइन के अनुसार उनके लिए यह समय सीमा तय की गई है, इसलिए सभी 52 यात्रियों को दो से 3 हफ्ते तक घर से बाहर न निकलने का निर्देश दिया गया है।
कोट-
यूके से लौटे सभी यात्री स्वास्थ्य विभाग के संपर्क में हैं। अब तक किसी की रिपोर्ट पॉजिटिव नहीं आई है न ही कोई सिमटोमैटिक पाया गया है।
-डॉ. अमनदीप कौर कंग, निदेशक स्वास्थ्य
विज्ञापन
दोबारा जांच को तैयार नहीं
केंद्र सरकार की ओर से तय मानक के अनुसार यूके से लौटे सभी लोगों की घर आने के बाद जांच अनिवार्य है। स्वास्थ्य विभाग ने शुक्रवार को उन सभी 52 लोगों से संपर्क कर लिया, लेकिन उनमें से महज 9 लोगों ने जांच के लिए नमूना दिया। रैपिड रिस्पांस टीम ने 52 में से 30 लोगों के घर जाकर नमूना लेने का प्रयास किया, लेकिन 9 के अलावा अन्य ने यह कहकर इनकार कर दिया कि उनकी जांच एयरपोर्ट पर हो चुकी है और रिपोर्ट निगेटिव आई है, इसलिए अब वे जांच नहीं कराना चाहते।
विज्ञापन
हेल्प डेस्क लगातार कर रहा संपर्क
यूके से लौटे लोगों से लगातार संपर्क स्थापित करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने हेल्प डेस्क पर डॉक्टरों की संख्या बढ़ा दी है। हेल्प डेस्क पर 12 रेजिडेंट डॉक्टर अलग से लगाए गए हैं। उन्हें निर्देशित किया गया है कि वे लगातार उन 52 लोगों से संपर्क करते रहें और उनका फॉलोअप लेते रहें, जिससे किसी को भी कोई परेशानी होने पर तत्काल उसकी जानकारी मिल सके।
विज्ञापन
बॉक्स
दो हफ्ते तक रहना है एकांतवास में
9 से 23 दिसंबर के बीच यूके से यात्रा कर लौटे 52 यात्रियों को 2 से 3 हफ्ते तक एकांतवास में रहने का निर्देश दिया गया है। केंद्र सरकार की गाइडलाइन के अनुसार उनके लिए यह समय सीमा तय की गई है, इसलिए सभी 52 यात्रियों को दो से 3 हफ्ते तक घर से बाहर न निकलने का निर्देश दिया गया है।
कोट-
यूके से लौटे सभी यात्री स्वास्थ्य विभाग के संपर्क में हैं। अब तक किसी की रिपोर्ट पॉजिटिव नहीं आई है न ही कोई सिमटोमैटिक पाया गया है।
-डॉ. अमनदीप कौर कंग, निदेशक स्वास्थ्य