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हरियाणा: सिर्फ तकनीकी कर्मियों की ही बढ़ेगी सेवानिवृत्ति आयु
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Thu, 13 Jul 2017 09:12 AM IST
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- फोटो : File Photo
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हरियाणा में मनोहर सरकार सभी कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति आयु नहीं बढ़ाएगी। तकनीकी श्रेणी के कर्मचारियों को ही सेवानिवृत्ति आयु 58 से 60 साल किए जाने का लाभ मिलेगा। यहां मंगलवार दोपहर बाद हुई कैबिनेट की अनौपचारिक बैठक में इस पर सहमति बनी है।
सेवानिवृत्ति आयु 58 से 60 साल करने के लिए वित्त मंत्री कैप्टन अभिमन्यु की अध्यक्षता में गठित तीन सदस्यीय समिति ने अपनी रिपोर्ट बैठक में रखी। समिति में कैप्टन के अलावा खेल मंत्री अनिल विज और राज्य मंत्री कृष्ण बेदी शामिल हैं। समिति की अब तक हुई तीन बैठकों में विज ने कैप्टन से तनातनी के चलते हिस्सा ही नहीं लिया। हालांकि, वे शुरू से कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति बढ़ाए जाने के पक्षधर रहे हैं।
समिति ने अपनी रिपोर्ट में सिर्फ तकनीकी कर्मियों की रिटायरमेंट आयु की बढ़ाने की सिफारिश की है। माना जा रहा है कि इससे सरकारी विभागों के लगभग 45 हजार कर्मियों को ही लाभ मिलेगा। प्रदेश में सरकारी कर्मियों की कुल संख्या दो लाख 65 हजार है। इनमें से लगभग पैंतालीस हजार ही तकनीकी कर्मी हैं, जिन्हें फिलहाल सेवानिवृत्ति आयु बढ़ने का लाभ मिलेगा। ये कर्मी बिजली, जन स्वास्थ्य, सिंचाई, पीडब्ल्यूडी बीएंडआर, रोडवेज, हुडा और स्वास्थ्य विभाग में ज्यादा हैं।
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बता दें कि पूर्व हुड्डा सरकार ने दूसरे कार्यकाल के अंतिम समय में कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति आयु 58 से बढ़ाकर 60 साल कर दी थी, लेकिन मनोहर सरकार ने सत्ता संभालने के बाद इस फैसले का पलट दिया था। इससे कर्मचारियों में नाराजगी पनप गई थी। पंजाब विधानसभा चुनाव के समय मनोहर सरकार ने फरवरी महीने में तीन सदस्यीय समिति सेवानिवृत्ति आयु बढ़ाने को लेकर गठित की थी।
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सेवानिवृत्ति आयु 58 से 60 साल करने के लिए वित्त मंत्री कैप्टन अभिमन्यु की अध्यक्षता में गठित तीन सदस्यीय समिति ने अपनी रिपोर्ट बैठक में रखी। समिति में कैप्टन के अलावा खेल मंत्री अनिल विज और राज्य मंत्री कृष्ण बेदी शामिल हैं। समिति की अब तक हुई तीन बैठकों में विज ने कैप्टन से तनातनी के चलते हिस्सा ही नहीं लिया। हालांकि, वे शुरू से कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति बढ़ाए जाने के पक्षधर रहे हैं।
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समिति ने अपनी रिपोर्ट में सिर्फ तकनीकी कर्मियों की रिटायरमेंट आयु की बढ़ाने की सिफारिश की है। माना जा रहा है कि इससे सरकारी विभागों के लगभग 45 हजार कर्मियों को ही लाभ मिलेगा। प्रदेश में सरकारी कर्मियों की कुल संख्या दो लाख 65 हजार है। इनमें से लगभग पैंतालीस हजार ही तकनीकी कर्मी हैं, जिन्हें फिलहाल सेवानिवृत्ति आयु बढ़ने का लाभ मिलेगा। ये कर्मी बिजली, जन स्वास्थ्य, सिंचाई, पीडब्ल्यूडी बीएंडआर, रोडवेज, हुडा और स्वास्थ्य विभाग में ज्यादा हैं।
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बता दें कि पूर्व हुड्डा सरकार ने दूसरे कार्यकाल के अंतिम समय में कर्मचारियों की सेवानिवृत्ति आयु 58 से बढ़ाकर 60 साल कर दी थी, लेकिन मनोहर सरकार ने सत्ता संभालने के बाद इस फैसले का पलट दिया था। इससे कर्मचारियों में नाराजगी पनप गई थी। पंजाब विधानसभा चुनाव के समय मनोहर सरकार ने फरवरी महीने में तीन सदस्यीय समिति सेवानिवृत्ति आयु बढ़ाने को लेकर गठित की थी।