{"_id":"5e14af408ebc3e88096902a3","slug":"nsui-opposes-attack-on-jnu-students-chandigarh-news-pkl3623769106","type":"story","status":"publish","title_hn":"एनएसयूआई ने जेएनयू विद्यार्थियों पर अटैक का किया विरोध","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एनएसयूआई ने जेएनयू विद्यार्थियों पर अटैक का किया विरोध
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चंडीगढ़। पंजाब यूनिवर्सिर्टी की स्टूडेंट कांउसिल एनएसयूआई के सदस्यों ने मंगलवार को जेएनयू में विद्यार्थियों पर हुए अटैक को लेकर रोष प्रदर्शन किया। उन्होंने जेएनयू घटना को लेकर केंद्र सरकार की निंदा की और विद्यार्थियों की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े किए। विद्यार्थियों ने पीयू के स्टूडेंट सेंटर पर दोपहर को बारिश में प्रदर्शन किया। इस मौके पर लगभग 50 की संख्या में कैंपस के विद्यार्थी शामिल हुए।
विद्यार्थियों ने कहा, राजधानी में विद्यार्थियों पर लगातार हमला हो रहा है। जब राजधानी में विद्यार्थी सुरक्षित नहीं हैं तो अन्य जगह पर उनकी सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी कौन सुनिश्चित करेगा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार लगातार विद्यार्थियों की आवाज को दबाने के प्रयास में लगी है। आवाज उठाने वाले विद्यार्थियों पर हमला करवाया जा रहा है, हम इसकी कड़ी निंदा करते हैं। आज विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में विद्यार्थियों के अधिकार सुरक्षित नहीं हैं। भाजपा सरकार धर्म के आधार पर राजनीति कर लोगों और विद्यार्थियों को बांटने का काम कर रही है।
कोट्स
प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों में लगातार विद्यार्थियों पर हमले हो रहे हैं, इसके लिए हम प्रशासन की निंदा करते हैं। सरकार को विद्यार्थियों की सुरक्षा व्यवस्था पर ध्यान देना चाहिए।
विज्ञापन
- मनप्रीत सिंह माहल, पीयूसीएससी, ज्वाइंट सेक्रेटरी
कोट्स
सरकार धर्म के आधार पर लोगों को विभाजित करने में लगी है। चाहे विद्यार्थी किसी भी पार्टी विशेष के साथ संबंध रखता हो, उस पर शिक्षण संस्थान के अंदर हमला होना गलत है। हम इसकी निंदा करते हैं।
-निखिल नर्मेता, एनएसयूआई अध्यक्ष
विज्ञापन
विद्यार्थियों ने कहा, राजधानी में विद्यार्थियों पर लगातार हमला हो रहा है। जब राजधानी में विद्यार्थी सुरक्षित नहीं हैं तो अन्य जगह पर उनकी सुरक्षा व्यवस्था की जिम्मेदारी कौन सुनिश्चित करेगा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार लगातार विद्यार्थियों की आवाज को दबाने के प्रयास में लगी है। आवाज उठाने वाले विद्यार्थियों पर हमला करवाया जा रहा है, हम इसकी कड़ी निंदा करते हैं। आज विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में विद्यार्थियों के अधिकार सुरक्षित नहीं हैं। भाजपा सरकार धर्म के आधार पर राजनीति कर लोगों और विद्यार्थियों को बांटने का काम कर रही है।
विज्ञापन
कोट्स
प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों में लगातार विद्यार्थियों पर हमले हो रहे हैं, इसके लिए हम प्रशासन की निंदा करते हैं। सरकार को विद्यार्थियों की सुरक्षा व्यवस्था पर ध्यान देना चाहिए।
विज्ञापन
- मनप्रीत सिंह माहल, पीयूसीएससी, ज्वाइंट सेक्रेटरी
कोट्स
सरकार धर्म के आधार पर लोगों को विभाजित करने में लगी है। चाहे विद्यार्थी किसी भी पार्टी विशेष के साथ संबंध रखता हो, उस पर शिक्षण संस्थान के अंदर हमला होना गलत है। हम इसकी निंदा करते हैं।
-निखिल नर्मेता, एनएसयूआई अध्यक्ष