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डेराबस्सीः इलाज में लापरवाही के चलते पांच साल के बच्चे की मौत, आरोपी डॉक्टर निलंबित
Wed, 30 Oct 2019 11:06 AM IST
खुशबू गोयल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, डेराबस्सी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, डेराबस्सी
Published by: खुशबू गोयल
Updated Wed, 30 Oct 2019 11:06 AM IST
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फाइल फोटो
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पांच वर्षीय बच्चे शिवम की डॉक्टर की लापरवाही के चलते मौत हो गई थी। मामले में स्वास्थ्य विभाग ने लापरवाही बरतने वाली महिला डॉक्टर हरलीन कौर को निलबिंत कर दिया। इसकी पुष्टि सिविल सर्जन मोहाली डॉ. मनजीत सिंह ने की। बच्चे के परिवार ने विभाग के उच्च अधिकारियों को मांग की है कि डॉक्टर के खिलाफ फौजदारी केस दर्ज होना चाहिए, जिससे भविष्य में कोई डॉक्टर ड्यूटी प्रति लापरवाही न बरतें।
जानकारी अनुसार, डेराबस्सी निवासी विजय तिवाड़ी का पांच साल के बच्चे शिवम की उल्टियां व दस्त कारण रात को हालत बिगड़ गई थी। वह अपने लड़के को लेकर रात के तरकीबन डेढ़ बजे स्थानीय सरकारी अस्पताल लेकर आए थे। इस दौरान महिला डॉ. हरलीन कौर (एमबीबीएस) ड्यूटी पर तैनात थीं। मृतक बच्चे के पिता विजय ने आरोप लगाया था कि ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर ने उसके लड़के इलाज में लापरवाही बरतते हुए उसे देखने के लिए अपने कमरे से भी बाहर नहीं आई। जबकि मौके पर तैनात स्टाफ इलाज करने में जूटे रहे।
शिकायतकर्ता ने बताया कि डाक्टर की ओर से बरती गई लापरवाही कारण उसके लड़के की तबीयत बिगड़ती गई। परिवार ने बार-बार डॉक्टर से बच्चे को चंडीगढ़ सेक्टर- 32 अस्पताल में रैफर करने की मांग की, परंतु डाक्टर के कानों पर जूं तक नहीं रेंगी।
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जानकारी अनुसार, डेराबस्सी निवासी विजय तिवाड़ी का पांच साल के बच्चे शिवम की उल्टियां व दस्त कारण रात को हालत बिगड़ गई थी। वह अपने लड़के को लेकर रात के तरकीबन डेढ़ बजे स्थानीय सरकारी अस्पताल लेकर आए थे। इस दौरान महिला डॉ. हरलीन कौर (एमबीबीएस) ड्यूटी पर तैनात थीं। मृतक बच्चे के पिता विजय ने आरोप लगाया था कि ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर ने उसके लड़के इलाज में लापरवाही बरतते हुए उसे देखने के लिए अपने कमरे से भी बाहर नहीं आई। जबकि मौके पर तैनात स्टाफ इलाज करने में जूटे रहे।
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शिकायतकर्ता ने बताया कि डाक्टर की ओर से बरती गई लापरवाही कारण उसके लड़के की तबीयत बिगड़ती गई। परिवार ने बार-बार डॉक्टर से बच्चे को चंडीगढ़ सेक्टर- 32 अस्पताल में रैफर करने की मांग की, परंतु डाक्टर के कानों पर जूं तक नहीं रेंगी।
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बदसलूकी करते हुए धमकी दी
बच्चे के पिता ने बताया कि अंत में जब बच्चे के पिता डॉक्टर से रेफर करने की बातचीत करने के लिए गए तो उन्होंने बदसलूकी करते हुए ड्यूटी में बाधा डालने के आरोप में कार्रवाई करने का धमकी दी। वह अपने बच्चें को बचाने के लिए जबरदस्ती उठा कर चंडीगढ़ सेक्टर- 32 अस्पताल ले गए, जहां पहुंचने पर डॉक्टर ने बच्चे को मृतक करार दे दिया।
बाद में परिवार ने मामले की लिखित शिकायत पुलिस व स्वास्थ्य विभाग को करते हुए ड्यूटी में लापरवाही बरतने वाली डाक्टर खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की थी। मामले का गंभीर नोटिस लेते सेहत मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू ने मामले की जांच करने की हिदायत की थी।
जांच टीम की ओर से मृतक बच्चों के परिवार के साथ बातचीत करने के अलावा ड्यूटी पर तैनात स्टाफ सदस्यों व अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की गई। जांच टीम की ओर से पाया गया कि डॉक्टर की ओर से इलाज दौरान भारी लापरवाही इस्तेमाल की गई।
जांच में पता चला कि ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर ने लापरवाही बरती थी। इसके बाद पूरी रिपोर्ट बना कर उच्च आधिकारियों को भेज दी थी। विभाग के सचिव की ओर से रिपोर्ट पर कार्रवाई करते डॉक्टर को निलबिंत करने की कार्रवाई अमल में लाई गई है।
- डॉ. मनजीत सिंह, सिविल सर्जन, मोहाली
बाद में परिवार ने मामले की लिखित शिकायत पुलिस व स्वास्थ्य विभाग को करते हुए ड्यूटी में लापरवाही बरतने वाली डाक्टर खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की थी। मामले का गंभीर नोटिस लेते सेहत मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू ने मामले की जांच करने की हिदायत की थी।
जांच टीम की ओर से मृतक बच्चों के परिवार के साथ बातचीत करने के अलावा ड्यूटी पर तैनात स्टाफ सदस्यों व अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज की जांच की गई। जांच टीम की ओर से पाया गया कि डॉक्टर की ओर से इलाज दौरान भारी लापरवाही इस्तेमाल की गई।
जांच में पता चला कि ड्यूटी पर तैनात डॉक्टर ने लापरवाही बरती थी। इसके बाद पूरी रिपोर्ट बना कर उच्च आधिकारियों को भेज दी थी। विभाग के सचिव की ओर से रिपोर्ट पर कार्रवाई करते डॉक्टर को निलबिंत करने की कार्रवाई अमल में लाई गई है।
- डॉ. मनजीत सिंह, सिविल सर्जन, मोहाली