Chandigarh: चंडीगढ़ नगर निगम में जमकर हंगामा, कांग्रेस-आप और भाजपा के नेता भिड़े, पार्षद बंटी को पुलिस ले गई
मेयर चुनाव से पहले चंडीगढ़ का सियासी माहौल अखाड़े में बदल चुका है। मंगलवार शाम को नगर निगम में खूब हंगामा हुआ। कांग्रेस-आप औ भाजापा के कार्यकर्ता और नेता आपस में भिड़ गए। इस दौरान धक्कामुक्की में कुछ पुलिसकर्मियों और नेताओं को थप्पड़ और मुक्के भी लगे।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
चंडीगढ़ मेयर चुनाव के लिए भारतीय जनता पार्टी के खिलाफ इस बार आम आदमी पार्टी और कांग्रेस ने गठबंधन कर लिया है। सोमवार को कांग्रेस ने अपने मेयर पद के उम्मीदवार जसबीर बंटी और आम आदमी पार्टी ने अपने सीनियर डिप्टी मेयर पद की उम्मीदवार नेहा और डिप्टी मेयर पद की उम्मीदवार पूनम का नामांकन वापस ले लिया था। इसके लिए दोनों दलों के नेताओं और उम्मीदवारों ने आधिकारिक पत्र भी लिख दिया था और नगर निगम में आकर जमा कर दिया था लेकिन उन्हें शक था कि कहीं नगर निगम नामांकन को अवैध न कर दे क्योंकि उस वक्त नगर निगम के सचिव गुरिंदर सिंह सोढ़ी सीट पर मौजूद नहीं थे। इसलिए वो मंगलवार को फिर नामांकन वापस करने आए थे।
नामांकन वापसी के लिए गुरिंदर सिंह सोढ़ी ने तीन बजे का समय दिया था लेकिन वह करीब 4:30 बजे पहुंचे। इस दौरान कांग्रेस के मेयर पद की उम्मीदवार जसबीर बंटी के पिता नगर निगम पहुंच गए और वह कहने लगे कि मेरे बेटे को मेरे साथ वापस भेजा जाए। इस बीच भाजपा के सभी पार्षद और वरिष्ठ नेता नगर निगम में जमा होने लगे। नगर निगम के गेट पर एक स्कॉर्पियो गाड़ी खड़ी कर दी गई ताकि कोई भी गाड़ी बाहर ना जा सके।
किसी तरह नामांकन वापस करने के बाद जब जसबीर बंटी को वापस ले जाया जा रहा था तो उस समय भाजपा के नेताओं ने जसबीर बंटी को पकड़ लिया और आरोप लगाया कि पंजाब पुलिस उसे किडनैप करके ले जा रही है। इसके बाद भाजपा नेताओं ने बंटी को पकड़ लिया और उसे अपनी तरफ खींचने लगे। सभी तीनों दलों के कार्यकर्ता और नेता आपस में भिड़ गए। इस दौरान धक्कामुक्की में कुछ पुलिसकर्मियों और नेताओं को थप्पड़ और मुक्के भी लगे।
धक्कामुक्की के बीच चंडीगढ़ पुलिस जसबीर बंटी को दोबारा नगर निगम के अंदर ले गई। अभी जसबीर बंटी चंडीगढ़ पुलिस की कस्टडी में है और उनके साथ भाजपा, आम आदमी पार्टी और कांग्रेस के नेता मौजूद हैं। अभी भी नगर निगम के एक तरफ भाजपा और दूसरी तरफ आम आदमी पार्टी और कांग्रेस के कई कार्यकर्ता और नेता खड़े हैं।