हरियाणा: मुखबिरों को 64 लाख देकर वर्ष 2021 में पुलिस ने पकड़े 385 बदमाश, जघन्य अपराधों के सैकड़ों मामले सुलझे
हरियाणा के डीजीपी ने बदमाशों को चेतावनी दी है कि बदमाशों के लिए प्रदेश में जगह नहीं है।
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साल 2021 में हरियाणा पुलिस ने 64 लाख, 30 हजार रुपये मुखबिरों पर खर्च करके 385 मोस्टवांटेड बदमाशों को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे पहुंचाया। इन अपराधियों की गिरफ्तारी से लूट, डकैती, रंगदारी, हत्या, हत्या के प्रयास और स्नैचिंग सहित जघन्य अपराधों के सैकड़ों मामले सुलझे हैं।
डीजीपी पीके अग्रवाल ने बताया कि संगठित अपराध से निपटने के लिए गठित स्पेशल टास्क फोर्स (एसटीएफ) सहित हमारी फील्ड इकाइयों ने इन अपराधियों और गैंगस्टरों का एक डेटाबेस तैयार किया, जिससे उनके ठिकानों का पता लगाते हुए काबू किया जा सका। डीजीपी ने अपराधियों को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि राज्य में अपराध और आपराधिक तत्वों के लिए कोई जगह नहीं है।
किस जिले में कितने अपराधी पकड़े
डीजीपी ने बताया कि गुरुग्राम से सर्वाधिक 73 मोस्ट वांटेड अपराधियों को गिरफ्तार किया। नारनौल से 44, फरीदाबाद से 43, सोनीपत से 28, पलवल से 25, कुरुक्षेत्र और झज्जर से 22-22, रोहतक से 21, पानीपत से 18, कैथल से 16, नूंह से 14, पंचकूला और करनाल से 13-13, रेवाड़ी से 10, यमुनानगर से 5, अंबाला, भिवानी और दादरी से 4-4, हांसी से 2 और हिसार, फतेहाबाद, जींद और सिरसा से 1-1 बदमाश को गिरफ्तार किया है। डीजीपी ने उन्होंने सभी पुलिस आयुक्तों और जिला पुलिस अधीक्षकों को स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि वे कट्टर अपराधियों, संगठित गिरोह व असामाजिक तत्वों के खिलाफ सख्ती से कार्रवाई करें।