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चंडीगढ़ में डीईओ ऑफिस के बाहर लगे शिक्षा विभाग मुर्दाबाद के नारे, आमरण अनशन पर बैठे कर्मचारी
Wed, 14 Aug 2019 12:01 PM IST
पंचकुला ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: पंचकुला ब्यूरो
Updated Wed, 14 Aug 2019 12:01 PM IST
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विरोध प्रदर्शन
- फोटो : अमर उजाला
यूटी एजुकेशन डिपार्टमेंट ग्रुप डी एंप्लाइज यूनियन ने मंगलवार को सेक्टर-19 स्थित डिस्ट्रिक्ट एजुकेशन ऑफिसर (डीईओ) ऑफिस के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया। यूनियन के सदस्यों ने शिक्षा विभाग पर मनमानी का आरोप लगाते हुए कहा कि कर्मचारियों की जायज मांग को लंबे समय से नजरअंदाज किया जा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने शिक्षा विभाग मुर्दाबाद के नारे लगाए। देर शाम डीएसई रूबिंदरजीत सिंह बराड़ प्रदर्शनकारियों से मिले और सभी मांगों को पूरा करने का आश्वासन दिया। इसके बाद कर्मचारियों ने भूख हड़ताल खत्म कर दी।
दोपहर करीब 3.30 बजे एजुकेशन डिपार्टमेंट ग्रुप डी एंप्लाइज यूनियन के कर्मचारी बड़ी तादाद में एकत्रित हुए। शिक्षा विभाग पर आरोप लगाते हुए कहा यूनियन नेताओं ने कहा कि विभाग में ग्रुप डी कर्मचारियों की बिल्कुल नहीं सुनी जा रही। कई सालों से अधिकारियों द्वारा हर बार केवल खानापूर्ति ही की जाती रही है। कर्मचारियों के छोटे छोटे काम करवाने के लिए भी परेशान किया जा रहा है। यूनियन की कई मांगे बहुत ही लंबे से चली आ रही हैं, जिस पर शिक्षा विभाग ने भी कोई ध्यान नहीं दिया। उन्होंने कहा कि जब तक मांगे नहीं मानी जाएंगी तब तक ग्रुप डी एंप्लाइज का प्रदर्शन ऐसे ही जारी रहेगा।
डीएसई रूबिंदरजीत सिंह बराड़ का फूंका पुतला
प्रदर्शनकारियों ने डायरेक्टर स्कूल एजुकेशन रूबिंदरजीत सिंह बराड़ का पुतला भी फूंका। कर्मचारियों ने आरोप लगाते हुए कहा कि डीएचई मनमानी करते हैं। उन्होंने कई बार अपनी जायज मांगों से उन्हें अवगत करवाया, लेकिन उन्होंने एक बार भी इस बात को गंभीरता से नहीं और हर बार नजरअंदाज करते रहे। यूनियन के प्रधान रंजीत मिश्रा ने कहा कि विभाग द्वारा कर्मचारियों का शोषण ही किया गया है, लेकिन अब यह बर्दास्त करने से बाहर हो गया है।
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रेगुलर चौकीदारों की ड्यूटी का समय 8 घंटे करने की मांग
अपनी मांगों को लेकर धरना प्रदर्शन कर रहे यूनियन के कर्मचारियों ने कहा कि स्कूलों में जो भी रेगुलर चौकीदार की ड्यूटी लेबर लॉ के अनुसार होनी चाहिए। यूनियन ने कहा कि जिस प्रकार चंडीगढ़ के अन्य विभागों में 8 घंटे ड्यूटी करवाई जाती है वैसे ही रेगुलर चौकीदार की ड्यूटी भी 18 घंटे से घटाकर 8 घंटे की जाए। यूनियन नेताओं ने अपने आरोपों में कहा कि विभाग चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों को वेतन भी अपनी मनमर्जी से दे रहा है। उन्होंने कहा कि सभी कर्मचारियों को डीसी रेट व ठेकेदार के कर्मचारियों को कोर्ट के आदेशानुसार समान कार्य समान वेतन दिया जाए।
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दोपहर करीब 3.30 बजे एजुकेशन डिपार्टमेंट ग्रुप डी एंप्लाइज यूनियन के कर्मचारी बड़ी तादाद में एकत्रित हुए। शिक्षा विभाग पर आरोप लगाते हुए कहा यूनियन नेताओं ने कहा कि विभाग में ग्रुप डी कर्मचारियों की बिल्कुल नहीं सुनी जा रही। कई सालों से अधिकारियों द्वारा हर बार केवल खानापूर्ति ही की जाती रही है। कर्मचारियों के छोटे छोटे काम करवाने के लिए भी परेशान किया जा रहा है। यूनियन की कई मांगे बहुत ही लंबे से चली आ रही हैं, जिस पर शिक्षा विभाग ने भी कोई ध्यान नहीं दिया। उन्होंने कहा कि जब तक मांगे नहीं मानी जाएंगी तब तक ग्रुप डी एंप्लाइज का प्रदर्शन ऐसे ही जारी रहेगा।
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डीएसई रूबिंदरजीत सिंह बराड़ का फूंका पुतला
प्रदर्शनकारियों ने डायरेक्टर स्कूल एजुकेशन रूबिंदरजीत सिंह बराड़ का पुतला भी फूंका। कर्मचारियों ने आरोप लगाते हुए कहा कि डीएचई मनमानी करते हैं। उन्होंने कई बार अपनी जायज मांगों से उन्हें अवगत करवाया, लेकिन उन्होंने एक बार भी इस बात को गंभीरता से नहीं और हर बार नजरअंदाज करते रहे। यूनियन के प्रधान रंजीत मिश्रा ने कहा कि विभाग द्वारा कर्मचारियों का शोषण ही किया गया है, लेकिन अब यह बर्दास्त करने से बाहर हो गया है।
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रेगुलर चौकीदारों की ड्यूटी का समय 8 घंटे करने की मांग
अपनी मांगों को लेकर धरना प्रदर्शन कर रहे यूनियन के कर्मचारियों ने कहा कि स्कूलों में जो भी रेगुलर चौकीदार की ड्यूटी लेबर लॉ के अनुसार होनी चाहिए। यूनियन ने कहा कि जिस प्रकार चंडीगढ़ के अन्य विभागों में 8 घंटे ड्यूटी करवाई जाती है वैसे ही रेगुलर चौकीदार की ड्यूटी भी 18 घंटे से घटाकर 8 घंटे की जाए। यूनियन नेताओं ने अपने आरोपों में कहा कि विभाग चतुर्थ श्रेणी के कर्मचारियों को वेतन भी अपनी मनमर्जी से दे रहा है। उन्होंने कहा कि सभी कर्मचारियों को डीसी रेट व ठेकेदार के कर्मचारियों को कोर्ट के आदेशानुसार समान कार्य समान वेतन दिया जाए।