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चंडीगढ़: जीएमसीएच-32 के ट्रॉमा सेंटर का काम अधर में, इमरजेंसी के मरीजों के लिए हुई आफत
Fri, 16 Jul 2021 03:58 PM IST
निवेदिता वर्मा
वीणा तिवारी, अमर उजाला, चंडीगढ़
वीणा तिवारी, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: निवेदिता वर्मा
Updated Fri, 16 Jul 2021 03:58 PM IST
सार
पहले जो मरीज सीधे फर्स्ट फ्लोर की इमरजेंसी में पहुंच जाते थे, उन्हें अब ग्राउंड फ्लोर से होकर आना पड़ रहा है। इमरजेंसी में पहले पार्किंग के ठीक सामने से दाखिल हो सकते थे, लेकिन निर्माण कार्य के चलते इस रास्ते को बंद कर दिया जाएगा।
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जीएमसीएच 32 में चल रहा ट्रामा सेंटर का काम।
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
चंडीगढ़ में गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (जीएमसीएच) सेक्टर-32 में निर्माणाधीन 300 बेड का ट्रॉमा सेंटर दूसरे मरीजों के लिए परेशानी का सबब बना हुआ है। इसका निर्माण कार्य अक्तूबर 2020 में शुरू हुआ था। इसके चलते अस्पताल की इमरजेंसी को जाने वाले ब्लॉक ए के गेट को बंद कर दिया गया है।
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इमरजेंसी के मरीजों को भी इस बदलाव से परेशानी झेलनी पड़ रही है। पहले जो मरीज सीधे फर्स्ट फ्लोर की इमरजेंसी में पहुंच जाते थे, उन्हें अब ग्राउंड फ्लोर से होकर आना पड़ रहा है। इमरजेंसी में पहले पार्किंग के ठीक सामने से दाखिल हो सकते थे, लेकिन निर्माण कार्य के चलते इस रास्ते को बंद कर दिया जाएगा। पार्किंग के हिस्से को भी ट्रॉमा सेंटर में शामिल कर लिया जाएगा।
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यह बदलाव 10 महीने पहले कर दिया गया था, लेकिन निर्माण कार्य पिछले पांच महीनों से बंद है। उधर, अस्पताल प्रशासन का कहना है कि इमरजेंसी के मरीजों की सहूलियत के लिए ग्राउंड फ्लोर पर चार बेड का एक अलग यूनिट बनाया गया है। जहां बेहद गंभीर मरीजों को स्टेबल होने के बाद फर्स्ट फ्लोर पर भेजा जाता है।
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ऐसा होगा ट्रामा सेंटर
जीएमसीएच-32 का ट्रामा सेंटर 1.4 लाख स्क्वॉयर फुट एरिया में बन रहा है। इसमें पांच साधारण और एक छोटा ऑपरेशन थिएटर होगा। इसमें 24 बेड इंटेंसिव केयर यूनिट (आईसीयू) के लिए होंगे। 64 बेड वार्ड स्टेबल पेशेंट के लिए होंगे। इसके अलावा दो आइसोलेशन वार्ड होंगे, जिनकी क्षमता 33 बेड की होगी। मरीजों के तीमारदारों के लिए भी दो फ्लोर पर जगह होगी, जिसकी क्षमता 400 अटेडेंट्स की होगी। इसके अलावा व्हीलचेयर्स, स्ट्रेचर, एंबुलेंस, प्रवेश, निकासी, प्रतीक्षा कक्ष, स्वास्थ्य अधिकारी, ड्यूटी डॉक्टर, नर्स रूम, मेडिसिन स्टोर, मोर्चरी, लैब, एक्स-रे रूम, प्लास्टर रूम, रैंप, लिफ्ट की सुविधा होगी।
कोविड के चलते ट्रॉमा सेंटर का निर्माण कार्य बाधित है, लेकिन अब जल्द ही शुरू हो जाएगा। निर्माण कार्य के कारण अन्य मरीजों को किसी प्रकार की परेशानी न हो इसका पूरा ध्यान रखा जा रहा है। -डॉ. सुधीर गर्ग, चिकित्सा अधीक्षक जीएमसीएच-32