{"_id":"5780d8904f1c1b446c7fbb5d","slug":"drugs-medicinal-drugs-boy-arrested-with-drugs-boy-arrested-with-medicianl-drugs-crime","type":"story","status":"publish","title_hn":"चंडीगढ़ में 14 लाख रुपये की मेडिसिनल ड्रग के साथ व्यक्ति गिरफ्तार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
चंडीगढ़ में 14 लाख रुपये की मेडिसिनल ड्रग के साथ व्यक्ति गिरफ्तार
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
Updated Sat, 09 Jul 2016 04:27 PM IST
विज्ञापन
Absconding Ahmedabad serial blasts (2008) accused Nasir Rangrej arrested
चंडीगढ़ नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो (एनसीबी) ने मनीमाजरा से एक व्यक्ति को मेडिसिनल ड्रग के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी से 480 ग्राम ड्रग पाउडर बरामद हुआ है। एिनसीबी ने आरोपी को कोर्ट में पेश कर दो दिन के रिमांड पर ले लिया है। एनसीबी के जोनल डायरेक्टर कौस्तुभ शर्मा ने बताया कि पकड़ा गया आरोपी संजीव कुमार (40) को 480 ग्राम मेथैंफेटामीन मेडिसिनल ड्रग के साथ पकड़ा है। मेथैंफेटामीन को मार्केट में आइस भी कहते है।
आरोपी पंचकूला के सेक्टर 11 का रहने वाला है। पकड़ी गई ड्रग की मार्केट में कीमत 14 लाख रुपये से ज्यादा है। कौस्तुभ शर्मा ने बताया कि एनसीबी को पुख्ता जानकारी मिली थी आरोपी के मेडिसिनल ड्रग की खेप है। पुलिस ने शुक्रवार दोपहर को मनीमाजरा में ट्रैप लगाया और वहां से संजीव को पकड़ा। संजीव अपने स्कूटर पर किसी को ड्रग की डिलीवरी देने आया था। उसने ड्रग स्कूटर में ही छिपा रखा था।
पुलिस ने तलाशी के दौरान स्कूटर से ही आइस बरामद की। एनसीबी ने बताया कि आरोपी पिछले कई सालों से कई फार्मासुटिकल्स कंपनियों को थोक में अवैध तरीके से ड्रग बेच रहा था। जिस समय एनसीबी ने संजीव को मनीमाजरा से गिरफ्तार किया। आरोपी ने पूछताछ में माना है कि जिस उसकी किसी से डील हुई थी। 1 ग्राम आइस का सौदा 3 हजार रुपये में तय हुआ था।
विज्ञापन
कानून के मुताबिक मेथैंफेटामीन ड्रग की मात्रा 50 ग्राम से ज्यादा रखना अपराध है। इसके तहत दोषी पाये जाने पर कम से कम दस साल की सजा हो सकती है और साथ में एक लाख रुपये का जुर्माना भी हो सकता है। एनसीबी ने शनिवार को आरोपी को जिला अदालत में पेश किया। कोर्ट ने आरोपी को दिन के रिमांड पर भेज दिया। एनसीबी आरोपी से पता लगाएगी कि ट्राइसिटी में किस किस को वो ड्रग की सप्लाई करता था।
विज्ञापन
आरोपी पंचकूला के सेक्टर 11 का रहने वाला है। पकड़ी गई ड्रग की मार्केट में कीमत 14 लाख रुपये से ज्यादा है। कौस्तुभ शर्मा ने बताया कि एनसीबी को पुख्ता जानकारी मिली थी आरोपी के मेडिसिनल ड्रग की खेप है। पुलिस ने शुक्रवार दोपहर को मनीमाजरा में ट्रैप लगाया और वहां से संजीव को पकड़ा। संजीव अपने स्कूटर पर किसी को ड्रग की डिलीवरी देने आया था। उसने ड्रग स्कूटर में ही छिपा रखा था।
विज्ञापन
पुलिस ने तलाशी के दौरान स्कूटर से ही आइस बरामद की। एनसीबी ने बताया कि आरोपी पिछले कई सालों से कई फार्मासुटिकल्स कंपनियों को थोक में अवैध तरीके से ड्रग बेच रहा था। जिस समय एनसीबी ने संजीव को मनीमाजरा से गिरफ्तार किया। आरोपी ने पूछताछ में माना है कि जिस उसकी किसी से डील हुई थी। 1 ग्राम आइस का सौदा 3 हजार रुपये में तय हुआ था।
विज्ञापन
कानून के मुताबिक मेथैंफेटामीन ड्रग की मात्रा 50 ग्राम से ज्यादा रखना अपराध है। इसके तहत दोषी पाये जाने पर कम से कम दस साल की सजा हो सकती है और साथ में एक लाख रुपये का जुर्माना भी हो सकता है। एनसीबी ने शनिवार को आरोपी को जिला अदालत में पेश किया। कोर्ट ने आरोपी को दिन के रिमांड पर भेज दिया। एनसीबी आरोपी से पता लगाएगी कि ट्राइसिटी में किस किस को वो ड्रग की सप्लाई करता था।