पवित्र ग्रंथ की बेअदबी करने के इरादे से गुरुद्वारे में घुसा युवक, काबू
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पंजाब में एक बार फिर से श्री गुरू ग्रंथ साहिब की बेअदबी के दो मामले सामने आए हैं। पहली घटना मोगा जिले की है, दूसरी जालंधर की। मोगा के थाना कोट ईसेखां अधीन गांव चूहड़चक गुरुद्वारा साहिब से शनिवार की सुबह एक संदिग्ध व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है। मोगा सीआईए स्टाफ में सीनियर पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में आरोपी से कई घंटे पूछताछ की गई।
दूसरी तरफ पुलिस ने समालसर डेरे में कागज रखकर गांव मल्लके में बेअदबी की जिम्मेदारी लेने वाले नौजवान को गिरफ्तार कर लिया है। फिरोजपुर मंडल के डीआईजी अमर सिंह चाहल ने बताया कि इस संदिग्ध नौजवान का नाम हरप्रीत सिंह है। नौजवान का दिमागी संतुलन ठीक नहीं लगता है।
यह संदिग्ध नौजवान शनिवार सुबह तकरीबन 4:30 बजे गांव चूहड़ चक के संधू पत्ती गुरुद्वारा साहिब में बिना सिर ढके दाखिल हुआ। इस पर ग्रंथी ने उससे पूछताछ की। वह कुछ नहीं बोला तो उसे गुरुद्वारा साहिब से बाहर निकाल दिया। इस के बाद यह नौजवान गांव के दूसरे गुरुद्वारा साहिब अंदर बिना सिर ढके ही चला गया। वहां ग्रंथी और संगत ने उसे काबू कर पूछताछ की।
वह कुछ नहीं बोला तो उसकी पिटाई कर दी। बाद में उसे थाना कोट ईसेखां पुलिस हवाले कर दिया गया। दूसरी तरफ समालसर डेरे में कागज रखकर पास के गांव मल्लके में श्री गुरुग्रंथ साहिब की बेअदबी की जिम्मेदारी लेने वाले नौजवान की सीसीटीवी कैमरे की फुटेज से उसकी पहचान मनप्रीत सिंह गांव समालसर के तौर पर होने बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया है।
डीएसपी बाघापुराना जसपाल सिंह ढिल्लों ने कहा कि यह नौजवान लकड़ी मिस्त्री की दुकान पर काम करता है। उन्होंने कहा कि उससे यह पत्र रखवाने का काम किसी साजिश के तहत लगता है। आरोपी तुतलाकर बोलता है।
ग्रंथी के कारण नाकाम हुए नकाबपोशों के मंसूबे
जालंधर के नकोदर इलाके के गांव मल्लियाखुर्द के गुरुद्वारे के ग्रंथी ने श्री गुरु ग्रंथ साहिब की बेअदबी करने आए कुछ लोगों के मंसूबे को नाकाम कर दिया। बेअदबी करने आए तीन नकाबपोश लोगों को उस समय भागना पड़ा जब ग्रंथी उनसे भिड़ गया। पुलिस ने गुरुद्वारे के प्रधान सुरजीत सिंह की शिकायत पर अज्ञात लोगों के खिलाफ कई धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है।
पुलिस को दिए बयान में ग्रंथी भूपिंदर सिंह ने बताया कि शुक्रवार की रात 2.45 बजे कुछ नकाबपोश काले कपड़े पहनकर दीवार फांदकर गुरुद्वारे में आ गए। आहट पाकर उसकी नींद खुल गई। इसी बीच नकाबपोश गुरु ग्रंथ साहिब वाले कमरे में पहुंच गए थे। वह उस कमरे में पहुंचा तो देखा आरोपियों ने एक अलमारी को तोड़ दिया था।
इस पर उसने गुरुद्वारे के लाउडस्पीकर से लोगों को एकत्रित होने के लिए कहा। उसने एक आरोपी को पकड़ने की कोशिश की और उसके दो साथियों ने उस पर हमला कर दिया। नकाबपोशों ने उसे पकड़ कर उससे कमरे की चाबियां मांगी और उसे जान से मारने की धमकियां भी दी। आरोपियों कहा कि हम गुरुद्वारे से गुरू ग्रंथ साहिब की बीड़ लेने आए हैं।
इसी बीच लोग गुरुद्वारे की ओर आने लगे तो आरोपी उसे घायल करके बेहोशी का इंजेक्शन लगाकर भाग गए। ग्रंथी को नकोदर के सिविल अस्पताल में दाखिल कराया गया। लोगों ने आरोपियों को 12 नवंबर से पहले गिरफ्तार करने की चेतावनी दी। नकोदर एसडीएम कुलवंत सिंह व डीएसपी बलकार सिंह ने लोगों को भरोसा दिया कि आरोपियों को जल्द गिरफ्तार कर लिया जाएगा।