बड़ी सफलता: आतंकी रिंदा से जुड़े तीन शूटरों को पुलिस ने दबोचा, एक को नेपाल सीमा और दो को गुरुग्राम से पकड़ा
प्रारंभिक जांच में पता चला है कि गिरफ्तार आरोपी गैंगस्टर सोनू खत्री के निर्देश पर पंजाब में सनसनीखेज वारदातों को अंजाम देते थे और अपराध करने के बाद देश के विभिन्न हिस्सों और नेपाल में स्थित ठिकानों में शरण लेते थे।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
पंजाब पुलिस के एंटी गैंगस्टर टास्क फोर्स (एजीटीएफ) व केंद्रीय एजेंसियों ने शुक्रवार को पाकिस्तान में छिपे आतंकी हरविंदर सिंह रिंदा के करीबी कुख्यात गैंगस्टर सोनू खत्री के तीन शूटरों को दबोचा है। इनमें एक आरोपी को नेपाल सीमा से उस समय दबोचा गया, जब वह नेपाल भागने की फिराक में था। वहीं दो साथियों को हरियाणा के गुरुग्राम से गिरफ्तार किया है।
पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) गौरव यादव ने बताया कि तीनों शूटर काठमांडू से विदेश भागने के लिए फर्जी पासपोर्ट तैयार करने की योजना बना रहे थे। आरोपियों की पहचान जालंधर के न्यू देयोल नगर के सुखमनजोत सिंह उर्फ सुखमन बराड़, एसबीएस नगर के गांव लोधीपुर के जसकरण सिंह उर्फ जस्सी लोधीपुर और जालंधर के गांव फोलरीवाल के जोगराज सिंह उर्फ जोगा के रूप में हुई है। पुलिस ने इनके कब्जे से प्वाइंट 32 बोर की तीन विदेशी पिस्तौल भी बरामद की है।
ऐसे दबोचा गया आरोपियों को
एजीटीएफ को सूचना मिली थी कि विदेश में छिपे गैंगस्टर सोनू खत्री के निर्देश पर पंजाब में सनसनीखेज वारदात को अंजाम देने वाले तीन शूटर विदेश भागने की फिराक में हैं। इसके बाद एडीजीपी प्रमोद बान की निगरानी में एजीटीएफ की टीम आरोपियों को दबोचने निकली। केंद्रीय एजेंसियों ने पूरी रणनीति के साथ आरोपी सुखमन बराड़ को भारत-नेपाल सीमा से दबोचा लिया। उस समय वह विदेश जाने की तैयारी में था। दो अन्य आरोपियों को गुरुग्राम से गिरफ्तार किया गया।In a Pan-India operation, AGTF-Punjab in coordination with central agencies has successfully arrested 3 absconding shooters handled by Gangster Sonu Khatri, a close associate of terrorist Harvinder Rinda
1 person has been arrested from the Indo-Nepal border & 2 from Gurugram 1/4 pic.twitter.com/s4NjbpvXi7 — DGP Punjab Police (@DGPPunjabPolice) September 8, 2023
वारदात के बाद पंजाब छोड़ देते, हवाला के जरिये मिलते पैसे
एआईजी संदीप गोयल ने बताया कि प्रारंभिक जांच से पता चला है कि आरोपी वारदात को अंजाम देने के बाद पंजाब से निकल जाते थे। वह इसके बाद देश के अन्य राज्यों में रहते। इसके अलावा वह नेपाल में जाकर शरण लेते थे। उनके रहने के ठिकानों की व्यवस्था विदेशी हैंडलर सोनू खत्री करता था। वह शूटरों को नियमित रूप से हवाला के जरिये रुपये मुहैया करवाता था। इस वजह से उन्हें दिक्कत नहीं आ रही थी।
जालंधर से जीरकपुर तक कई वारदात में थे शामिल
एडीजीपी ने बताया कि सभी आरोपी करीब डेढ़ साल पहले मार्च 2022 में नवांशहर में हुए मक्खन हत्याकांड समेत कम से कम पांच हत्या के मामलों में शामिल थे। इसके अलावा हत्या के प्रयास, आर्म्स एक्ट, कार लूटने और जबरन वसूली समेत अन्य जघन्य अपराधों के पांच मामले शामिल हैं। ये जीरकपुर में मेट्रो प्लाजा में दिनदहाड़े हुई गोलीबारी में भी शामिल थे।