एफडी और आरडी के नाम पर करोड़ों रुपये का फर्जीवाड़ा, पूरे देश में फैली है कंपनी...ये देते थे लालच
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एफडी और आरडी के बहाने देश में कई फर्जी कंपनियां चल रही हैं। कई बार जानकारी के अभाव में लोग इनके झांसे में आ जाते हैं। लेकिन लोगों को एक सावधान करने वाली है। खबर यह है कि पंजाब के मोहाली में एफडी और आरडी के नाम पर करोडों की ठगी का मामला सामने आया है। ठगी करने वाली कंपनी अमृतसर बेस्ड है। कंपनी का नेटवर्क पूरे देश में है।
पुलिस ने हरिन्द्र अरोड़ा निवासी ढकोली (मोहाली) की शिकायत पर थाना फेज-1 मोहाली में किम इंफ्रॉस्ट्रक्चर एंड डेवलपर्स लिमिटेड के 11 प्रबंधकों रविन्द्र सिंह सिद्धु निवासी डेराबस्सी, संजीव सिकंदर निवासी अमृतसर, पलविन्द्र सिंह निवासी अमृतसर, जगमोहन सिंह निवासी दिल्ली, केके. दत्ता निवासी नई दिल्ली, ओमेश्वर झॉ निवसी नई दिल्ली, लेखराज निवासी नई दिल्ली, गगनदीप सिंह निवासी अमृतसर, मुख्तयार सिंह निवासी अमृतसर, खजान सिंह निवासी अमृतसर, के.के. एस. बल्ल निवासी मोहाली के खिलाफ केस दर्ज किया है। आरोपियों पर पुलिस ने आईपीसी की धारा 406, 420 व120बी के तहत केस दर्ज कर लिया है।
लोगों ने पैसे मांगे तो लगाया यह बहाना
लोगों ने बताया कि जब एफडी व आरडी की अवधि पूरी होने पर पैसा वापस करने की बात आई तो आरोपी कभी नोटबंदी, कभी रेरा एक्ट की वजह से बहानेबाजी करने लग गए। कंपनी ने लोगों से इसी वर्ष जून महीने में पैसे देने का वादा किया था, लेकिन लोगों के न तो पैसे वापस किए और न ही उन्हें किसी प्लॉट आदि की रजिस्ट्री करवाई गई है।
यहां तक चल रहा है कंपनी का नेटवर्क
कंपनी की ठगी का शिकार हुए लोगों हरिन्द्र अरोड़ा, प्रेम लाल ठाकुर, बुधी सिंह ठाकुर, हरजीत कुमार, भाग सिंह, कुलवंत सिंह, कौल सिंह ठाकुर, राम कली तथा तेग बहादुर सिंह द्वारा एसएसपी मोहाली को लिखित शिकायत दी गई थी। हरिन्द्र अरोड़ा ने बताया कि कंपनी द्वारा पंजाब के शहरों लुधियाना, तलवाड़ा, मोहाली के अलावा पंचकूला तथा सोलन में भी अपने आफिस खोले हुए थे। इसके अलावा देश के अन्य राज्यों में भी कंपनी के आफिस चल रहे थे।
ठगी बारे जानकारी हरिन्द्र अरोड़ा निवासी भारत एन्कलेव ढकोली (जीरकपुर), जिला मोहाली ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि अमृतसर स्थित कंपनी किम इंफ्रॉस्ट्रक्चर एंड डेवलपर्स लिमिटेड में पैसा इन्वेस्ट किया था। कंपनी लोगों को ज्यादा ब्याज और प्लॉट देने का लालच देती थी। कंपनी के डायरेक्टर लोगों से एफ.डी. (फिक्सड डिपाजिट) व आरडी के तौर पर पैसा इकट्ठा करते थे। आरोपियों ने हरजीत कुमार से 11 लाख 75 हजार 884 रुपये तथा अन्य आवेदकों से लगभग 18 करोड़ रुपये इकट्ठे कर लिए हैं।