फेसबुक पर पोस्ट करने से पहले ये वार्निंग पढ़ लें
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पंजाब एंड हरियाणा हाईकोर्ट के एक जज के खिलाफ फेसबुक पर अपशब्द पोस्ट करने के मामले में हाईकोर्ट की बेंच ने पंजाब के एडवोकेट जनरल (एजी) अशोक अग्रवाल को नोटिस जारी किया है।
यह दुस्साहस करने के मामले में हाईकोर्ट ने मोहाली के गगन चड्ढा एवं रूपिंदर कौर को बुधवार को नोटिस जारी किया था। बेंच ने एडवोकेट जनरल को इस मामले में पैरवी में सहयोग देने का निर्देश दिया है।
एक मामले में राहत मांग रहे व्यक्तियों ने अपेक्षाकृत राहत नहीं मिलने पर खुन्नस निकालने के लिए जज के खिलाफ फेसबुक पर आपत्तिजनक शब्द लिख दिए थे। हालांकि, बाद में ये शब्द हटा लिए गए, लेकिन हाईकोर्ट ने इसे गंभीरता से लिया था।
हाईकोर्ट के जज के खिलाफ कमेंट का दुस्साहस
जज ने अपनी नोटिंग में कहा था कि यह हरकत हाईकोर्ट की अवहेलना का मामला बनती है। यह मामला एक्टिंग चीफ जस्टिस के पास गया था और इस मामले को बकायदा अदालत की अवमानना की आपराधिक याचिका के जरिए चलाया गया। सीआरओसीपी वर्ग की यह याचिका बुधवार को जस्टिस एसएस सारों एवं जस्टिस लीजा गिल की बेंच के समक्ष सुनवाई के लिए आई थी।
जस्टिस एसएस सारों ने ऐसा दुस्साहस करने पर गगन चड्डा और रूपिंदर कौर के नाम कारण बताओ नोटिस जारी किया था। दोनों से पूछा गया था कि आखिर उनके खिलाफ अदालत की अवमानना की कार्रवाई क्यों न की जाए।
इससे पहले जिस जज के खिलाफ फेस बुक पर आपत्तिजनक शब्द पोस्ट किए गए थे, उनकी बेंच ने करीब पखवाड़े पहले ऐसी हरकत करने वालों और उनके वकीलों कोे ओपन कोर्ट में फटकार भी लगाई थी।
गगन चड्ढा और रूपिंदर कौर को अवमानना नोटिस
सूत्रों के मुताबिक जज ने फटकार लगाते कहा था, ‘तुम्हें राहत दी जा रही है, लेकिन तुम कीचड़ उछाल रहे हो।’ हालांकि उस वक्त याचिकाकर्ता के वकीलों ने कहा था कि फेसबुक से यह शब्द हटा लिए गए हैं, लेकिन यह मामला अब हाईकोर्ट का स्वत: संज्ञान का बन चुका है।
जज के खिलाफ आपत्तिजनक शब्द पोस्ट करने वाले गगन चड्ढा और रूपिंदर कौर एक वैवाहिक विवाद के मामले से जुड़े हुए हैं। वैवाहिक विवाद में मुआवजे का विवाद हाईकोर्ट पहुंचा था।
इस मामले में गगन चड्ढा और रूपिंदर कौर के पक्ष को कुछ राहत मिल गई थी, लेकिन उनकी अपेक्षाएं अधिक थीं। ऐसे में इस पक्ष ने आवेश में आकर फेसबुक पर आपत्तिजनक टिप्पणी लिखने का दुस्साहस कर डाला।