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पलवल के गांवों में बच्चों की मौत का मामला: स्वास्थ्य विभाग के एसीएस बोले- प्रारंभिक जांच में निमोनिया व दूषित पानी से गई जान

Thu, 16 Sep 2021 12:11 AM IST
ajay kumar न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़ Published by: ajay kumar Updated Thu, 16 Sep 2021 12:11 AM IST
सार

पलवल के गांवों में सात बच्चों की मौत के मामले में प्रारंभिक जांच रिपोर्ट सामने आई है। रिपोर्ट के मुताबिक स्वास्थ्य विभाग के एसीएस राजीव अरोड़ा ने बताया कि बच्चों की मौत निमोनिया और दूषित पानी पीने से हुई है। हालांकि अभी सभी की जांच की जा रही है। 

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Children died due to pneumonia and drinking contaminated water in Palwal revealed in preliminary investigation
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

पलवल के गांवों में हुई बच्चों की मौत के मामले में स्वास्थ्य विभाग के एसीएस राजीव अरोड़ा ने स्पष्ट किया है कि प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि बच्चों की मौत निमोनिया और दूषित पानी पीने से हुई है। बच्चों की मृत्यु के अंतिम कारणों पर केवल महामारी विज्ञान की जांच पूरी होने के बाद ही टिप्पणी की जा सकती है। इसके लिए सैंपल लिए जा रहे हैं।

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राजीव अरोड़ा ने बताया कि 11 सितंबर को जिला पलवल के चिल्ली और चिल्ला गांवों में पांच बच्चों की बुखार से होने वाली संदिग्ध मौतों की सूचना के बाद रैपिड रिस्पांस टीम को प्रभावित क्षेत्र में भेजा गया था। डब्ल्यूएचओ प्रतिनिधि के समन्वय के साथ प्रभावित गांवों की महामारी विज्ञान जांच का आदेश दिया गया। 
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अरोड़ा ने बताया कि सिविल सर्जन, पलवल द्वारा दी गई रिपोर्ट के अनुसार 14 सितंबर तक कुल 7 मौतों में से दो मौतें पांच साल से नीचे के बच्चों की निमोनिया से और पांच मौतें पांच साल से अधिक आयु के बच्चों की हुई हैं। एक लड़की अमांशा पुत्री इरफान (3) उल्टी, बुखार और संदिग्ध डिप्थीरिया के चलते जीएमसी नल्हड में गैस्ट्रोएंटेराइटिस में भर्ती है। 


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रिपोर्ट आ रही निगेटिव
एसीएस राजीव अरोड़ा ने बताया कि स्वास्थ्य टीमों द्वारा बुखार की जांच के लिए 1089 घरों का निरीक्षण किया जा चुका है। इस बीच, क्षेत्र के प्रयोगशाला निष्कर्षों के अनुसार 175 मलेरिया ब्लड स्लाइड की सभी नकारात्मक रिपोर्ट आई, 250 आरडीटी मलेरिया परीक्षण रिपोर्ट की नकारात्मक रिपोर्ट, गैर-प्रतिक्रियाशील 12 डेंगू एलिसा नमूने, 64 आरटीपीसीआर कोविड-19 परीक्षणों की नकारात्मक रिपोर्ट और 50 कोविड-19 एंटीजन परीक्षण की निगेटिव रिपोर्ट है। 

प्रथम दृष्टि में अस्वस्थ स्थिति और पानी के अवैध कनेक्शन इसका कारण हो सकते हैं। पाइप लाइन में कुछ लीकेज ठीक कराने के निर्देश भी दिए हैं। अस्थायी चिकित्सा शिविर क्षेत्र में ही स्थापित किया गया है। नल्हड़ मेडिकल कॉलेज के रिकॉर्ड के अनुसार कुछ मौतों का कारण निमोनिया और गैस्ट्रोएंटेराइटिस हो सकता है। स्थिति पर कड़ी निगरानी भी रखी जा रही है। - राजीव अरोड़ा, एसीएस, स्वास्थ्य विभाग।

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