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वर्ष 2022 में चंडीगढ़ को मिलेंगी कई सौगात
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चंडीगढ़। इस साल शहर की सुरक्षा व्यवस्था से लेकर यातायात व्यवस्था तक मजबूत होगी। कैमरों की निगरानी से जहां अपराध और अपराधियों पर लगाम लगेगी, वहीं 40 नई इलेक्ट्रिक बसों से यातायात व्यवस्था को मजबूती मिलेगी। इलेक्ट्रिक बसों की संख्या 40 से बढ़ाकर 80 की जाएगी। मार्च 2022 तक अतिरिक्त 40 बसों की डिलीवरी हो जाएगी। वहीं, पब्लिक बाइक शेयरिंग योजना (किराए की साइकिल) से पर्यावरण की सुरक्षा।
इस वर्ष नगर निगम ने डंपिंग ग्राउंड से भी मुक्ति दिलाने का वादा किया है। वहीं 22 फरवरी 2022 को देश का पहला वायुसेना विरासत केंद्र मिलेगा। 22 फरवरी को एक विशेष कार्यक्रम के दौरान वायुसेना के विरासत केंद्र का उद्घाटन किया जाएगा। प्रशासन द्वारा सेक्टर-18 स्थित गवर्नमेंट प्रेस बिल्डिंग में जगह देने के बाद भारतीय वायुसेना यहां तेजी से विरासत केंद्र बनाने का कार्य कर रही है। विरासत केंद्र का रखरखाव प्रशासन करेगा, जबकि हथियार व अन्य उपकरण वायुसेना स्थापित करेगी। यहां लोग भारतीय वायुसेना के इतिहास को पढ़ और देख पाएंगे। वायुसेना के अधिकारी गाइड की भूमिका निभाएंगे और लोगों को युद्ध में इस्तेमाल किए जाने वाले हथियारों की जानकारी देंगे। इन हथियारों को लोग देख भी सकेंगे।
वहीं, 48 साल बाद फरवरी में शहीदी स्मारक की स्थापना होगी। वर्ष 1947 की आजादी की जंग में शहीद हुए लोगों की याद में यह स्मारक बनाया जा रहा है। इसमें ब्रिटिश साम्राज्य का पतन और भारत रूपी शेर के उदय को दर्शाया जाएगा। वहीं, सेक्टर-17 में नीलम थिएटर के आगे प्लाजा में फर्श पर स्टेनलेस स्टील फ्रेम में शहर का नक्शा बनकर तैयार हो चुका है।
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इस साल ये सौगात
योजना- पीजीआई में न्यूरो साइंसेज के भवन का निर्माण
अवधि - 3 साल
शुरू हुआ - वर्ष 2019
खत्म होना है- 2022 में
लागत- 495 करोड़
योजना - अंडरग्राउंड यूटिलिटी मैपिंग
अवधि - एक साल
शुरू हुआ - 20 अक्तूबर 2019
खत्म होना था - 21 अक्तूबर 2020 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 5.98 करोड़
योजना - ई गवर्नेंस सर्विस
अवधि - एक साल
शुरू हुआ - 16 अक्तूबर 2019
खत्म होना था - 15 अक्तूबर 2020 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 12.07 करोड़
योजना - तीसरा मैटेरियल रिकवरी फैसिलिटी एंड गारबेज ट्रांसफर स्टेशन
अवधि - छह माह
शुरू हुआ - 17 फरवरी 2020
खत्म होना था - 16 अगस्त 2020 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 19.61 करोड़
योजना - पब्लिक बाइक शेयरिंग प्रोजेक्ट (तीसरा फेज)
अवधि - 10 माह
शुरू हुआ - 27 अप्रैल 2020
खत्म होना था - 1 जुलाई 2020 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 20 करोड़
योजना - लीगेसी माइनिंग डंपिंग ग्राउंड
अवधि - डेढ़ साल
शुरू हुआ - 21 अक्तूबर 2019
खत्म होना था - 13 अप्रैल 2021 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 33.38 करोड़
योजना - इंटीग्रेटेड सिटी कमांड कंट्रोल सेंटर
अवधि - डेढ़ साल
शुरू हुआ - 15 जून 2020
खत्म होना था - 15 दिसंबर 2021 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 333.59 करोड़
योजना - स्मार्ट कक्षाएं
अवधि - 3 माह
शुरू हुआ - 15 अक्तूबर 2019
खत्म होना था - 14 जनवरी 2020 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 7 करोड़
योजना - मृत जानवरों के निस्तारण का प्लांट
अवधि - 6 माह
शुरू हुआ - 30 जुलाई 2020
खत्म होना था - 30 जनवरी 2021 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 1.08 करोड़
योजना - चार सीवर ट्रीटमेंट प्लांट
अवधि - डेढ़ साल
शुरू हुआ - 23 सितंबर 2020
खत्म होना था - 22 सितंबर 2022
लागत - 98.86 करोड़
योजना - स्काडा ठोस अपशिष्ट प्रबंधन
अवधि - छह माह
शुरू हुआ - 10 नंबवर 2020
खत्म होना था - 9 मई 2021
लागत - 6.38 करोड़
योजना - सेक्टर 39 वाटर वर्क्स में पानी की क्षमता बढ़ाना
अवधि - दो साल
शुरू हुआ - 2 दिसंबर 2020
खत्म होना था - 2 अगस्त 2021 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 34.94 करोड़
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इस वर्ष नगर निगम ने डंपिंग ग्राउंड से भी मुक्ति दिलाने का वादा किया है। वहीं 22 फरवरी 2022 को देश का पहला वायुसेना विरासत केंद्र मिलेगा। 22 फरवरी को एक विशेष कार्यक्रम के दौरान वायुसेना के विरासत केंद्र का उद्घाटन किया जाएगा। प्रशासन द्वारा सेक्टर-18 स्थित गवर्नमेंट प्रेस बिल्डिंग में जगह देने के बाद भारतीय वायुसेना यहां तेजी से विरासत केंद्र बनाने का कार्य कर रही है। विरासत केंद्र का रखरखाव प्रशासन करेगा, जबकि हथियार व अन्य उपकरण वायुसेना स्थापित करेगी। यहां लोग भारतीय वायुसेना के इतिहास को पढ़ और देख पाएंगे। वायुसेना के अधिकारी गाइड की भूमिका निभाएंगे और लोगों को युद्ध में इस्तेमाल किए जाने वाले हथियारों की जानकारी देंगे। इन हथियारों को लोग देख भी सकेंगे।
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वहीं, 48 साल बाद फरवरी में शहीदी स्मारक की स्थापना होगी। वर्ष 1947 की आजादी की जंग में शहीद हुए लोगों की याद में यह स्मारक बनाया जा रहा है। इसमें ब्रिटिश साम्राज्य का पतन और भारत रूपी शेर के उदय को दर्शाया जाएगा। वहीं, सेक्टर-17 में नीलम थिएटर के आगे प्लाजा में फर्श पर स्टेनलेस स्टील फ्रेम में शहर का नक्शा बनकर तैयार हो चुका है।
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इस साल ये सौगात
योजना- पीजीआई में न्यूरो साइंसेज के भवन का निर्माण
अवधि - 3 साल
शुरू हुआ - वर्ष 2019
खत्म होना है- 2022 में
लागत- 495 करोड़
योजना - अंडरग्राउंड यूटिलिटी मैपिंग
अवधि - एक साल
शुरू हुआ - 20 अक्तूबर 2019
खत्म होना था - 21 अक्तूबर 2020 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 5.98 करोड़
योजना - ई गवर्नेंस सर्विस
अवधि - एक साल
शुरू हुआ - 16 अक्तूबर 2019
खत्म होना था - 15 अक्तूबर 2020 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 12.07 करोड़
योजना - तीसरा मैटेरियल रिकवरी फैसिलिटी एंड गारबेज ट्रांसफर स्टेशन
अवधि - छह माह
शुरू हुआ - 17 फरवरी 2020
खत्म होना था - 16 अगस्त 2020 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 19.61 करोड़
योजना - पब्लिक बाइक शेयरिंग प्रोजेक्ट (तीसरा फेज)
अवधि - 10 माह
शुरू हुआ - 27 अप्रैल 2020
खत्म होना था - 1 जुलाई 2020 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 20 करोड़
योजना - लीगेसी माइनिंग डंपिंग ग्राउंड
अवधि - डेढ़ साल
शुरू हुआ - 21 अक्तूबर 2019
खत्म होना था - 13 अप्रैल 2021 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 33.38 करोड़
योजना - इंटीग्रेटेड सिटी कमांड कंट्रोल सेंटर
अवधि - डेढ़ साल
शुरू हुआ - 15 जून 2020
खत्म होना था - 15 दिसंबर 2021 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 333.59 करोड़
योजना - स्मार्ट कक्षाएं
अवधि - 3 माह
शुरू हुआ - 15 अक्तूबर 2019
खत्म होना था - 14 जनवरी 2020 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 7 करोड़
योजना - मृत जानवरों के निस्तारण का प्लांट
अवधि - 6 माह
शुरू हुआ - 30 जुलाई 2020
खत्म होना था - 30 जनवरी 2021 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 1.08 करोड़
योजना - चार सीवर ट्रीटमेंट प्लांट
अवधि - डेढ़ साल
शुरू हुआ - 23 सितंबर 2020
खत्म होना था - 22 सितंबर 2022
लागत - 98.86 करोड़
योजना - स्काडा ठोस अपशिष्ट प्रबंधन
अवधि - छह माह
शुरू हुआ - 10 नंबवर 2020
खत्म होना था - 9 मई 2021
लागत - 6.38 करोड़
योजना - सेक्टर 39 वाटर वर्क्स में पानी की क्षमता बढ़ाना
अवधि - दो साल
शुरू हुआ - 2 दिसंबर 2020
खत्म होना था - 2 अगस्त 2021 (कोविड के चलते देरी हुई, इस वर्ष पूरा होगा)
लागत - 34.94 करोड़