फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Chandigarh Municipal Corporation, Highcourt, petition against Wardbandi

चंडीगढ़ नगर निगम वार्डबंदी के खिलाफ याचिका फैसला सुरक्षित

Fri, 02 Dec 2016 09:55 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़ Updated Fri, 02 Dec 2016 09:55 PM IST
विज्ञापन
Chandigarh Municipal Corporation, Highcourt, petition against Wardbandi
Punjab And Haryana Highcourt Chandigarh - फोटो : File Photo
चंडीगढ़ नगर निगम के वार्डों के निर्धारण संबंधी नोटिफिकेशन को चुनौती देने वाली याचिका पर शुक्रवार को पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट के जस्टिस एके मित्तल व जस्टिस रामेन्द्र जैन की खंडपीठ ने सभी पक्षों को सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया। हाईकोर्ट इस मामले पर जल्दी ही अपना फैसला दे सकता है। याचिका पर सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने प्रशासन से पूछा था कि वार्डों का निर्धारण किस आधार पर किया गया। इस पर प्रशासन ने पूरा रिकॉर्ड हाईकोर्ट को सौंप दिया था।
विज्ञापन


रामदरबार के डॉ. सतपाल गोयल ने उक्त मामले में याचिका दायर कर कहा था कि वे सामान्य वर्ग के नागरिक हैं और रामदरबार से नगर निगम पार्षद पद का चुनाव लड़ना चाहते हैं। याचिका में कहा गया कि रामदरबार क्षेत्र जोकि वार्ड नंबर 23 है, में 2006 के निगम चुनाव के समय पार्षद का पद अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति वर्ग की महिला के लिए आरक्षित किया गया था।
विज्ञापन


इसके बाद वर्ष 2011 के निगम चुनाव के समय इस वार्ड को महिला प्रत्याशी के लिए आरक्षित कर दिया गया। अब वर्ष 2016 में होने वाले निगम पार्षद के चुनाव लिए भी नगर निगम ने वार्ड नंबर 23 को फिर से अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित कर दिया है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रामदरबार के डॉ. सतपाल गोयल ने दायर की है याचिका

Chandigarh Municipal Corporation, Highcourt, petition against Wardbandi
highcourt - फोटो : File Photo
याचिकाकर्ता का आरोप है कि नगर निगम का यह फैसला न केवल संविधान के 74 वें संशोधन का उल्लंघन है बल्कि असंवैधानिक भी है, क्योंकि 74वें संशोधन के अंतर्गत तय प्रावधान के अनुसार, वार्डों को रोटेशन के आधार पर अनुसूचित जाति/जनजाति, अनुसूचित जाति/जनजाति महिला और महिला वर्ग के लिए आरक्षित किया जाना चाहिए।

याचिका में यह भी कहा गया कि चूंकि वार्ड नंबर 23 काफी समय से आरक्षित है, इसलिए इस बार इसे आरक्षित न रखते हुए सामान्य वर्ग के नागरिकों को चुनाव लड़ने का मौका दिया जाना चाहिए। याचिका में आगे कहा गया कि नगर निगम ने वार्डों को आरक्षित कर उसकी जो सूची जारी की है, उसके अनुसार, वार्ड नंबर- 5 और 6 अनुसूचित जाति वर्ग (महिला), वार्ड नंबर- 7, 11 और 23 को अनुसूचित जाति वर्ग और वार्ड नंबर-2, 4, 9, 12, 13, 15 और 17 को महिला उम्मीदवार के लिए आरक्षित किया है। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed