{"_id":"606c722c8ebc3ec44635bcf2","slug":"chandigarh-corona-81-4-percent-people-getting-rtpcr-investigation-chandigarh-news-pkl409458410","type":"story","status":"publish","title_hn":"81.4 प्रतिशत लोगों की हो रही आरटीपीसीआर जांच, केंद्र ने जताई संतुष्टि","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
81.4 प्रतिशत लोगों की हो रही आरटीपीसीआर जांच, केंद्र ने जताई संतुष्टि
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
चंडीगढ़। शहर में कोरोना के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं। इस बीच केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण ने एक बार फिर चंडीगढ़ में बढ़ रहे कोरोना संक्रमण पर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि चंडीगढ़ एक छोटा शहर है। यहां कभी औसतन 20 केस आते थे, लेकिन अब रोजाना 287 केस सामने आ रहे हैं।
केंद्र सरकार के निर्देश के बाद शहर में आरटीपीसीआर जांच बढ़ा दी गई है। 16 मार्च 2021 को कुल कोरोना जांच में सिर्फ 41.6 प्रतिशत जांच आरटीपीसीआर से हो रहे थे, यह आंकड़ा अब 81.4 प्रतिशत हो गया है। केंद्र ने इसे लेकर संतुष्टि जताई है। वहीं, संक्रमण की दर 16 फरवरी को महज 1.5 प्रतिशत थी, जो बढ़कर 14.02 प्रतिशत हो गई है। हालांकि शहर में कोरोना से मृत्यु दर अभी भी एक से दो के बीच बनी हुई है।
केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव ने कहा कि चंडीगढ़ में जिस तेजी से संक्रमण बढ़ रहा है, वह चिंताजनक है। गौरतलब है कि पिछले दिनों राजेश भूषण ने कहा था कि चंडीगढ़ में आरटीपीसीआर टेस्ट कम किए जा रहे हैं। उन्होंने चंडीगढ़ के स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए थे कि आरटीपीसीआर जांच का शेयर 40 से बढ़ाकर 70 प्रतिशत किया जाए और इसे निरंतर बढ़ाने की कोशिश की जाए।
विज्ञापन
विज्ञापन
केंद्र सरकार के निर्देश के बाद शहर में आरटीपीसीआर जांच बढ़ा दी गई है। 16 मार्च 2021 को कुल कोरोना जांच में सिर्फ 41.6 प्रतिशत जांच आरटीपीसीआर से हो रहे थे, यह आंकड़ा अब 81.4 प्रतिशत हो गया है। केंद्र ने इसे लेकर संतुष्टि जताई है। वहीं, संक्रमण की दर 16 फरवरी को महज 1.5 प्रतिशत थी, जो बढ़कर 14.02 प्रतिशत हो गई है। हालांकि शहर में कोरोना से मृत्यु दर अभी भी एक से दो के बीच बनी हुई है।
विज्ञापन
केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव ने कहा कि चंडीगढ़ में जिस तेजी से संक्रमण बढ़ रहा है, वह चिंताजनक है। गौरतलब है कि पिछले दिनों राजेश भूषण ने कहा था कि चंडीगढ़ में आरटीपीसीआर टेस्ट कम किए जा रहे हैं। उन्होंने चंडीगढ़ के स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए थे कि आरटीपीसीआर जांच का शेयर 40 से बढ़ाकर 70 प्रतिशत किया जाए और इसे निरंतर बढ़ाने की कोशिश की जाए।
विज्ञापन