फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   Cases of stubble burning at 112 places in 16 days in Haryana

Haryana: हरियाणा में 16 दिन में 112 जगह जली पराली, टीम चालान काटने पहुंची तो किसानों ने बनाया बंधक

Tue, 03 Oct 2023 01:30 AM IST
ajay kumar अमर उजाला/संवाद न्यूज एजेंसी, चंडीगढ़/अंबाला
अमर उजाला/संवाद न्यूज एजेंसी, चंडीगढ़/अंबाला Published by: ajay kumar Updated Tue, 03 Oct 2023 01:30 AM IST
सार

कुरुक्षेत्र में पराली जलाने के अब तक 41 मामले सामने आए हैं। इनमें 34 किसानों पर जुर्माना लगाया गया। अभी तक कोई एफआईआर नहीं हुई है। करनाल में 13 में से सात किसानों पर 30 हजार जुर्माना लगा।

विज्ञापन
Cases of stubble burning at 112 places in 16 days in Haryana
सांकेतिक तस्वीर।

विस्तार

हरियाणा में पराली जलाने के मामलों पर नियंत्रण के दावे दम तोड़ते नजर आ रहे हैं। प्रदेश में धड़ल्ले से पराली जलाई जा रही है। 15 सितंबर से एक अक्तूबर तक हरियाणा में पराली जलाने के 112 मामले दर्ज किए गए हैं, जो बीते चार सालों की तुलना में सबसे ज्यादा हैं। साल 2020 में इस समयावधि के दौरान पूरे हरियाणा में 93 मामले सामने आए थे। साल 2021 में 11 और साल 2022 में सिर्फ दो मामले सामने आए थे। वहीं, अंबाला में शहजादपुर क्षेत्र के फतेहगढ़ गांव में पराली जलाने पर कार्रवाई के लिए पहुंची टीम को किसानों करीब 45 मिनट तक बंधक बनाए रखा।

विज्ञापन


हरियाणा में इस बार 15 सितंबर से पहले ही पराली जलाने के मामले सामने आने लगे थे। पहले एक-दो मामले ही सामने आ रहे थे, मगर 27 सितंबर से इसमें तेजी आ गई है। इस बार कुरुक्षेत्र, सोनीपत, करनाल, अंबाला और यमुनानगर में पराली जलाने मामले के सबसे ज्यादा मामले दर्ज किए गए हैं। रविवार रात को अंबाला के फतेहगढ़ गांव में पराली जलाने की जानकारी मिली थी। 
विज्ञापन


सोमवार को टीम सत्यापन और कार्रवाई के लिए गांव पहुंची तो किसानों ने टीम को बंधक बना लिया। किसानों ने अधिकारियों को मौके पर बुलाने की मांग की। उन्होंने कहा कि बाढ़ के दौरान किसी अधिकारी को हमारी याद नहीं आई, मगर पराली जली तो चालान काटने आ गए। करीब पौने घंटे बाद उन्होंने टीम को छोड़ दिया। टीम में ग्राम सचिव, पटवारी और कृषि विभाग के कर्मचारी शामिल थे। किसानों का कहना है कि अब इस संबंध में मंगलवार को वे उपायुक्त और कृषि उप निदेशक से मुलाकात करेंगे। कृषि उप निदेशक जसविंद्र सिंह ने बताया कि फतेहगढ़ गांव में किसानों ने टीम को चालान नहीं काटने दिए।

विज्ञापन
विज्ञापन

किसानों पर अभी केवल जुर्माना...एफआईआर नहीं

कुरुक्षेत्र में पराली जलाने के अब तक 41 मामले सामने आए हैं। इनमें 34 किसानों पर जुर्माना लगाया गया। अभी तक कोई एफआईआर नहीं हुई है। करनाल में 13 में से सात किसानों पर 30 हजार जुर्माना लगा। कैथल में तीन, पानीपत में छह, यमुनानगर में आठ व अंबाला में दो किसानों पर जुर्माना लगाया गया। 

फतेहाबाद में 6 किसानों से 9 हजार रुपये जुर्माना वसूला गया है। सोनीपत में सोमवार को सैटेलाइट से गांव जांटी कलां में पराली जलाने की लोकेशन मिली। रविवार देर शाम तीन जगह सूचना मिली थीं। जांच के बाद गांव भठगांव व जैनपुर के दो किसानों पर 2500-2500 जुर्माना लगाया गया। जींद के छात्तर गांव के किसान अजय व सिलाखेडी के किसान पर भी जुर्माना लगाया गया। 

पंजाब में सबसे ज्यादा जल रही पराली

पंजाब में धान कटाई के बीच ही पराली जलनी शुरू हो गई है। 15 सितंबर से धान कटाई शुरू हुई है लेकिन बीते 16 दिनों के भीतर ही पराली जलाने के 342 मामले सामने आ चुके हैं। अमृतसर में सबसे ज्यादा 86 स्थानों पर पराली जली है। सरकार के तमाम दावों के बावजूद पराली जलाने के मामलों में अंकुश नहीं लग पा रहा है। 2021 में एक अक्तूबर तक 228 मामले दर्ज हुए थे, वहीं 2022 में इनकी संख्या 192 थी।

पंजाब 342
यूपी 50
मध्य प्रदेश   24
राजस्थान 14
दिल्ली 01


15 सितंबर से एक अक्तूबर तक जिलेवार पराली जलाने के आंकड़े

जिला 2023
कुरुक्षेत्र 41
सोनीपत 15
करनाल 13
अंबाला  12
यमुनानगर   08
पानीपत 06
फतेहाबाद 06
जींद 04
कैथल 03
पलवल 03
रोहतक 01
हिसार 00
सिरसा 00
कुल 112 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed