निरंकारी संत समागम भव्य रूप से शुरू, 23 देशों से पहुंचे कई लाख श्रद्धालु, पढ़ें इस बार क्या है खास
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
हरियाणा के गन्नौर-समालखा के बीच शनिवार से आयोजित होने वाले 71वें तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय वार्षिक निरंकारी संत समागम में देश-विदेश से श्रद्धालु आए हैं। समागम में 23 देशों के श्रद्धालु शामिल होंगे। अलग-अलग राज्यों से पहुंचे श्रद्धालुओं को समागम स्थल के पास बनाए गए अस्थायी शहर में ठहराने की व्यवस्था की गई है। इस काम में 50 हजार सेवादार लगाए गए हैं। विदेशी श्रद्धालुओं को दिल्ली में ठहराया गया है। वहां से समागम स्थल तक आने-जाने की व्यवस्था की गई है। सुरक्षा के लिए तीन एसपी समेत करीब डेढ़ हजार पुलिस कर्मियों पर सुरक्षा का जिम्मा है। समागम में विदेशों से आए 60 सदस्यीय चिकित्सकों का दल भी अपनी सेवा देगा।
हरियाणा में संत निरंकारी समागम पहली बार अपनी जगह पर हो रहा है। गन्नौर-समालखा के बीच करीब 600 एकड़ जमीन पर आध्यात्मिक स्थल का शुभारंभ शनिवार को हुआ। तीन दिवसीय समागम का समापन 26 नवंबर को होगा। समागम स्थल की सबसे खास बात यह है कि पहली बार सतगुरु माता सुदीक्षा संगत को सद्भावना, धर्म, मानवता, वर्ण व दिव्य गुणों का संदेश देंगी। संत निरंकारी मंडल के प्रवक्ता के मुताबिक समागम मानवता के गुलदस्ते की तरह दिखाई देगा। समागम में देश के अलग-अलग राज्यों के साथ ही 23 देशों से श्रद्धालु पहुंच गए हैं।
समागम में करीब पांच लाख श्रद्धालु पहुंचेंगे। देश के श्रद्धालुओं को समागम स्थल के पास बनाए गए अस्थायी शहर में ठहराया गया है। वहीं विदेशी श्रद्धालुओं को दिल्ली में ठहराया गया है। उन्हें वहां से लाने व ले जाने के लिए बसों का प्रबंध किया गया है। समागम स्थल पर शुद्ध पेयजल व शौचालयों के अलावा आवासीय पंडाल, कार्यालय, प्रदर्शनी पंडाल, लंगर मैदान, परेड मैदान बनाए गए हैं। पूरा समागम स्थल भव्य तरीके से सजाया गया है। खानपान का विशेष प्रबंध किया गया है। जिसके लिए 50 हजार सेवादार दिन-रात मौजूद रहेंगे।
समागम में इन देशों से पहुंचे श्रद्धालु
अंतरराष्ट्रीय वार्षिक निरंकारी संत समागम में भारत के साथ ही 23 अन्य देशों से श्रद्धालु पहुंच गए हैं। समागम में विदेशों से एक हजार से अधिक श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद है। समागम में आस्ट्रेलिया, आस्ट्रिया, यूके, बहरीन, कनाडा, डेनमार्क, फ्रांस, जर्मनी, इंडोनेशिया, केन्या, कुवैत, लेबनॉन, नेपाल, नीदरलैंड, इटली, न्यूजीलैंड, कतर, रसिया, साउदी अरब, स्पेन, थाईलैंड व अमेरिका शामिल हैं। यहां के श्रद्धालुओं के लिए दिल्ली में ठहराव का प्रबंध है।
चप्पे-चप्पे पर पुलिस की पैनी नजर
समागम स्थल पर जहां निरंकारी मंडल के 50 हजार सेवक जिम्मेदारी निभा रहे हैं, वहीं पुलिस की टीम भी चप्पे-चप्पे पर नजर रख रही है। समागम स्थल पर तीन एसपी सुरक्षा व्यवस्था पर नजर रख रहे हैं। सुरक्षा के लिए समागम स्थल पर तीन एसपी के साथ 19 डीएसपी व 50 इंस्पेक्टर के साथ ही 1154 एसआई, एएसआई, मुख्य सिपाही व सिपाही नियुक्त किए हैं। साथ ही 126 महिला पुलिस कर्मी नियुक्त की गई हैं। पुलिस हर स्थिति पर नजर बनाए हुए है। इसके अलावा खुफिया तंत्र भी सुरक्षा में लगा हुआ है।
क्विक एक्शन टीम, पीसीआर-राइडर भी नियुक्त
सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाए रखने के लिए क्विक एक्शन टीम के सदस्यों को भी लगाया गया है। सदस्य किसी भी स्थिति से निपटने में निपुण हैं। साथ ही 14 पीसीआर व 26 बाइक राइडर लगाए गए हैं। इन पर नियुक्त कर्मी हर समय क्षेत्र में गश्त करते रहेंगे। वहीं सभी गेटों पर चेकिंग के लिए अलग से 42 कर्मी नियुक्त किए गए हैं।