फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Chandigarh ›   गौ सेवा आयोग द्वारा गौशालाओं में गायों को टैंगिंग के माध्यम से चिन्हित किया जाएगा

गौ सेवा आयोग द्वारा गौशालाओं में गायों को टैंगिंग के माध्यम से चिन्हित किया जाएगा

Fri, 09 Feb 2018 01:28 AM IST
Updated Fri, 09 Feb 2018 01:28 AM IST
विज्ञापन
गौ सेवा आयोग द्वारा गौशालाओं में गायों को टैंगिंग के माध्यम से चिन्हित किया जाएगा
गोवंश को छोड़ने लगेगा 5100 रुपये का लगेगा जुर्माना: मंगला
विज्ञापन

- गो सेवा आयोग के चेयरमैन बोले, गोशालाओं में गायों को टैंगिंग के माध्यम से चिन्हित किया जाएगा
- गुरुग्राम की कार्टरपुरी गोशाला में लगेगा सीएनजी का प्लांट, चार करोड़ रुपये की आएगी लागत
अमर उजाला ब्यूरो
पंचकूला।
गोशालाओं में मवेशियों की गिनती के लिए टैगिंग करवाने के बाद अब व्यावसायिक डेयरियों में गोवंश पर टैगिंग करवाई जा रही है। जो डेयरी मालिक अपने टैगिंग के माध्यम से चिन्हित किए हुए गोवंश को छोड़ेंगे, उनसे 5100 रुपये का जुर्माना वसूल किया जाएगा। ये जानकारी गो सेवा आयोग के चेयरमैन भानी राम मंगला ने दी। चेयरमैन ने बताया कि सभी गोशालाओं में श्रेणी अनुसार गोवंश की गिनती के लिए टैगिंग करवाई गई है।

उन्होंने बताया कि गाय के गोबर से बनाए गए डंडे लकड़ी की जगह अंतिम संस्कार में उपयोग हो सकेंगे। ऐसा करने से पर्यावरण की सुरक्षा भी हो सकेगी। लकड़ी के जलने से कार्बन डाईआक्साइड गैस अधिक मात्रा में निकलती है। इस समय संघेल और पंचकूला की गोशालाओं में इन डंडों का उत्पादन हो रहा है। इसी प्रकार गमले तैयार कर वन विभाग को उपलब्ध कराए जाएंगे। विभाग इनका प्रयोग पौधा तैयार करते समय पॉलीथिन की जगह कर सकेगा। इसके लिए तीन तरह के गमले तैयार किए जाएंगे। इसके अलावा संविधा और धूप-बत्ती में भी गोबर के चूरे व अन्य चीजों को मिलाकर तैयार की जाएंगी। मंगला ने बताया कि सभी गोशालाओं में गोबर गैस प्लांट लगाने की योजना है। गुरुग्राम की कार्टरपुरी गोशाला में एक अमेरिकी कंपनी की सहायता से सीएनजी बनाने का प्लांट लगाया जाएगा। इस पर चार करोड़ की लागत आएगी। इस प्लांट पर कंपनी और केंद्र 25-25 प्रतिशत और राज्य सरकार 50 प्रतिशत राशि खर्च करेगी। प्लांट चलाने की जिम्मेदारी कंपनी की होगी। वह 25 प्रतिशत मुनाफा रखकर बाकी 75 प्रतिशत गोशाला को उपलब्ध कराएगी। इसे संचालित करने का जिम्मा भी कंपनी का होगा। इसके लिए एमओयू का प्रारूप तैयार हो चुका है। उन्होंने बताया कि गोपाष्टमी कार्यक्रम के लिए आयोग की ओर से 112 गोशालाओं को 11-11 हजार रुपये की प्रोत्साहन राशि को बढ़ाकर 21 हजार कर दिया है। उन्होंने बताया कि पानीपत जिला के गांव नैन में बनने वाले अभयारण्य का कार्य 31 मार्च तक पूरा कर लिया जाएगा। इसके लिए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं। चेयरमैन के अनुसार प्रति गौवंश राशि 150 से बढ़ाकर 250 रुपये करने की योजना है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed